वायरस, नेटवर्क घुसपैठ रोकेगी ये चिप, बनाने वालों में भारतीय मूल का साइंटिस्ट भी

नई दिल्ली (25 अगस्त): जितनी तेजी से इंफॉर्मेशन टेक्नॉलॉजी का क्षेत्र उभरा है, उतनी ही तेजी से कई अहम सूचनाओं की सुरक्षा एक चुनौती बन गया है। इस दिशा में वैज्ञानिकों ने एक कदम आगे बढ़ाया है। चिकित्सा, आर्थिक और सैन्य क्षेत्र की संवेदनशील सूचनाओं को सुरक्षित रखने के लिए वैज्ञानिकों ने ऐसा चिप बनाया है जो अपने अंतिम उपभोगकर्ता तक सुरक्षित नेटवर्क मुहैया कराएगा। 

- रिपोर्ट के मुताबिक, यह चिप नेटवर्क को हैकरों के साथ ही हार्डवेयर वाइरस से भी सुरक्षा दिलाएगा। - इस चिप को बनाने वाले वैज्ञानिकों में भारतीय मूल के सिद्धार्थ गर्ग भी शामिल हैं, जो न्यूयॉर्क यूनिवर्सिटी में असिस्टेंट प्रोफेसर हैं। - ऑनलाइन नेटवर्क से जुड़ी आधारभूत सुविधाओं, स्वास्थ्य सेवाओं, आर्थिक और सुरक्षा सेवाओं में घुसपैठ करके सूचनाओं को चुराने के मामले आए दिन सामने आते हैं। - नेटवर्क तैयार करते समय भी सूचनाएं चुराने वाले चिप लगाने की बातें सामने आती रही हैं। - सिद्धार्थ और अन्य अनुसंधानकर्ताओं की बनाई नई चिप ऐसी घुसपैठ को रोकने के साथ ही गणना संबंधी गड़बड़ी को भी रोकने में कारगर होगी।  - नई चिप वाइरस की घुसपैठ होते ही उसकी पकड़ कर लेगी और ज्यादा नुकसान के बगैर ही उसे निष्प्रभावी कर देगी।