निशाने पर नीतीश, रघुवंश प्रसाद बोले, नोटबंदी का समर्थन सीएम की निजी राय

नई दिल्ली (19 नवंबर): नोटबंदी के 11वें दिन भी देशभर में कैश की भारी किल्लत है। तमाम बैंक, एटीएम और पोस्ट ऑफिस के बाहर लोग पैसे के लिए लंबे-लंबे कतार में खड़े नजर आ रहे हैं। वहीं इस मुद्दे पर सियासत भी जोरों पर है। तमाम पार्टियां अपने सियासी फायदे नुकासान के हिसाब से इस मुद्दे पर सियासत करने में जुटे हैं। बीजेपी और उसकी सहयोगी पार्टियां जहां इसे कालेधन के खिलाफ सर्जिकल स्ट्राइक बता रहे हैं वहीं विपक्ष पार्टियां पीएम मोदी के इस नोटबंदी को आम आदमी के खिलाफ बताने में जुटे हैं।

उधर इस मुद्दे पर जेडीयू में भी आम राय नजर नहीं आ रही है। जेडीयू अध्यक्ष और बिहार के मुख्यमंत्री जहां पीएम मोदी के इस नोटबंदी अभियान के सही फैसला करार दे रहे हैं वहीं उनकी पार्टी और पूर्व अध्यक्ष शरद यादव पीएम मोदी के इस फैसले कि खिलाफ विपक्ष के साथ खड़े नजर आ रहे हैं।

इधर आरजेडी नेता रघुवंश प्रसाद सिंह का कहना है कि भले ही नीतीश कुमार पीएम मोदी 500 और 1000 के नोटों पर पाबंदी को सही बता रहे हों, लेकिन ये गठबंधन की राय नहीं है। ये नीतीश कुमार की निजी राय हो सकती है लेकिन गठबंधन प्रधानमंत्री मोदी के नोटबंदी के फैसले का विरोध करती है।