उत्तर कोरिया के इस कदम से डरा हुआ है अमेरिका!

वरुण सिन्‍हा, नई दिल्‍ली (28 जनवरी): उत्तर कोरिया एक ऐसा देश जिसका नाम सुनते ही जहन में सबसे पहली तस्वीर आती है वहां के तानाशाह की। लेकिन उत्तर कोरिया की दूसरी सबसे बड़ी पहचान है उसके खतरनाक हथियार या फिर यूं कहें कि तानाशाह की सनक की वजह से उत्तर कोरिया खतरनाक हथियारों की जखीरा तैयार कर रहा है तो गलत नहीं होगा। पहले हाइड्रोजन बम का परीक्षण कर अमेरिका जैसे सुपर पावर को धमकी दी और अब लंबी दूरी तक मार करने वाले मिसाइल का परीक्षण करने की तैयारी कर रहा है, जो अमेरिका तक पहुंच सकती है।

हथियारों की होड़ में लगे उत्तर कोरिया से एक और खबर आई। दावा किया जा रहा है कि उत्तर कोरिया ने लंबी दूरी की मिसाइल तैयार कर ली है। एक हफ्ते के भीतर इस मिसाइल का परीक्षण किया जाएगा, जिसकी ज़द में अमेरिका, चीन, रूस और जापान तक आसानी से आ सकते हैं। दावे के मुताबिक इस मिसाइल की मारक क्षमता 12000 किलोमीटर से ज़्यादा हो सकती है, जो अमेरिका के कुछ हिस्सों तक आसानी से पहुंच सकता है।

आपको बता दें कि नॉर्थ कोरिया से अमेरिका की दूरी 10,337 किमी है। रूस की दूरी 2,790 किमी है और जापान की दूरी 1,043 किमी है। लॉग रेंज दूरी की मिसाइल परीक्षण का दावा जापान की क्योदो न्यूज एजेंसी ने किया है। क्योदो ने कहा है कि पिछले कई दिनों से कुछ तस्वीरें जमा की गई हैं जिसमें ऐसा अंदाजा लगता है कि पश्चिमी डोंगचांग-परमाणु स्थल से एक हफ्ते के भीतर मिसाइल परीक्षण किया जा सकता है। हालांकि इस मिसाइल के बारे में ज़्यादा जानकारी नहीं दी गई है। उधर, दक्षिण कोरिया के रक्षा मंत्रालय भी नॉर्थ कोरिया की इस गतिविधि पर नज़र बनाए हुए हैं। इस दावे के बीच, यूएन सिक्युरिटी काउंसिल में नॉर्थ कोरिया पर नई पाबंदियां लगाने को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। नॉर्थ कोरिया पहले से ही न्यूक्लियर प्रोग्राम को लेकर यूएन की कड़ी पाबंदियां झेल रहा है। एक्सपर्ट का मानना है कि पाबंदियों के बावजूद भी नॉर्थ कोरिया लगातार इंटरकॉन्टिनेंटल बैलिस्टिक मिसाइल बनाने में लगा हुआ है।

आपको बताते हैं नॉर्थ कोरिया के पास कौन-कौन सी मिसाइलें: नॉर्थ कोरिया ने आखिरी बार 2012 में सक्सेसफुल लॉन्ग रेंज मिसाइल का परीक्षण किया था। फिलहाल नॉर्थ कोरिया के पास टैपोडोन्ग, मुसुदन और नोडोन्ग मिसाइल हैं। वो टैपोडोन्ग-1 और टैपोडोन्ग-2 भी डेवलप कर चुका है। टैपोडोन्ग-2 की मारक क्षमता 10,000 किमी तक है और ये अमेरिका तक न्यूक्लियर बम ले जा सकता है। यह 500 किलोग्राम वज़न ले जाने में सक्षम है।

लंबी दूरी की मिसाइल परीक्षण की खबर आने के बाद से सुपरपावर ताकतों की निगाहें नॉर्थ कोरिया तरफ लगी हुई हैं। हम बता दें कि कुछ दिन पहले जब नॉर्थ कोरिया ने हाईड्रोजन बम का परीक्षण किया था तो आसपास के इलाकों में भूकंप के झटके महसूस किए गए थे। ये परीक्षण किम जोंग के जन्मदिन से दो दिन पहले किया गया था, जिसकी दुनिया भर ने निंदा की गई थी।