निर्भया केस: सुप्रीम कोर्ट ने बरकरार रखी चारों दोषियों की फांसी सजा

प्रभाकर मिश्रा, नई दिल्ली (5 मई): सुप्रीम कोर्ट ने निर्भया के दोषियों को फांसी की सजा पर मुहर लगा दी है। दिल्ली में दिसंबर 2012 में चलती बस में निर्भया के साथ हुए गैंगरेप मामले में सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट  ने आज अपना ये फैसला सुनाया है। गैंगरेप के चार दोषियों मुकेश, अक्षय, पवन और विनय को अब फांसी की सजा मिलेगी।


इससे साकेत की फास्ट ट्रैक कोर्ट ने भी चारों दोषियों को फांसी की सजा सुनाई थी, जिस पर 14 मार्च  2014 को दिल्ली हाईकोर्ट ने भी मुहर लगा दी थी। दोषियों की अपील पर सुप्रीम कोर्ट ने फांसी की सजा पर रोक लगा दी थी। इसके बाद तीन जजों की बेंच को मामले को भेजा गया और कोर्ट ने केस में मदद के लिए दो एमिक्‍स क्यूरी नियुक्त किए गए।


सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट की तरह की। हर सोमवार, शुक्रवार और शनिवार को भी मामले की सुनवाई की गई। करीब एक साल तक चली इस सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने 27 मार्च को अपना आदेश सुरक्षित रख लिया था। देशभर को दहला देने वाली इस वारदात के बाद मुख्य आरोपी ड्राइवर राम सिंह ने तिहाड़ जेल में कथित खुदकुशी कर ली थी, जबकि नाबालिग अपनी तीन साल की सुधारगृह की सजा पूरी कर चुका है।