मालेगांव मामले में सरकारी वकील का आरोप- 'मुझे नहीं दी गई चार्जशीट की जानकारी'

नई दिल्ली (13 मई): मालेगांव मामले में सरकारी वकील अविनाश रसाल ने आरोप लगाया है कि उन्हें चार्जशीट की जानकारी नहीं दी गई। उन्होंने न्यूज 24 से बात करते हुए उन्होंने कहा कि मुझे पता नहीं था कि आज चार्जशीट फाइल होगी और न ही इसके बारे में मुझे किसी ने कोई सूचना दी थी। जब मैं कोर्ट पहुंचा और मुझसे पूछा गया तो भी मैंने यही कहा कि आज चार्जशीट दाखिल नहीं होगी। लेकिन फिर मुझे पता चला कि चार्जशीट दाखिल कर ली गई है। उन्होंने कहा कि एनआईए ने चार्जशीट को लेकर मुझे अंधेरे में रखा।

बता दें कि साल 2008 में मालेगांव धमाकों के मामले में शुक्रवार को नेशनल इंवेस्‍टीगेशन एजेंसी यानि एनआईए ने आज चार्जशीट दाखिल कर दी। इसमें प्रज्ञा ठाकुर,प्रवीण तकालकी समेत चार लोगों के नाम नहीं हैं। एनआईए ने आज मुंबई की एक स्पेशल कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की है।

जांच एजेंसी का दावा है कि इन्हें मालेगांव धमाकों की साजिश की जानकारी नहीं थी। सूत्रों की मानें तो, चार्जशीट में यह भी कहा गया है कि महाराष्ट्र एटीएस की मालेगांव ब्लास्ट केस में जो जांच की उसमें कई खामियां थीं। प्रज्ञा सिंह ठाकुर का नाम आरोपियों में शामिल नहीं होने से वो जल्द ही जेल से बाहर आ सकेंगी।