ईरान परमाणु समझौता: ट्रंप के बयान पर रूस ने दी ये चेतावनी

नई दिल्ली ( 10 अक्टूबर ): रूस ने चेतावनी दी है कि अगर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान परमाणु समझौते को बरकरार रखने में असफल रहे तो उसके नकरात्मक परिणाम होंगे। ट्रंप 2015 के समझौते के धुर आलोचक हैं। उन्होंने इसे अब तक का सबसे खराब समझौता बताया था और माना जा रहा है कि वह इसे जल्द ही रद्द कर सकते हैं। 

अमेरिकी अधिकारियों का कहना है कि वे अगले सप्ताह कांग्रेस से कहना चाहते हैं कि ईरान अपने वादे का सम्मान नहीं कर रहा है। रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के प्रवक्ता ने कहा, 'निश्चित रूप से अगर कोई देश समझौते को छोड़ता है, विशेष रूप से अमेरिका जैसा एक महत्वपूर्ण देश तो उसके नकारात्मक परिणाम होंगे।' 

दमित्रि पेस्कोव ने पत्रकारों से कहा, 'हम इन परिणामों की प्रकृति का केवल अनुमान लगा सकते हैं, जो हम अब कर रहे हैं।' उन्होंने कहा कि पुतिन ने वर्तमान समझौते के महत्व की लगातार प्रशंसा की है।

इससे पहले ईरान ने अपने रिवोल्यूशनरी गार्ड्स कॉर्प को आतंकवादी समूह घोषित करने के खिलाफ अमेरिका को चेतावनी दी है और कहा है कि अगर अमेरिका ने अतिरिक्त प्रतिबंध लगाए तो क्षेत्रीय अमेरिकी सन्य अड्डे खतरे में पड़ सकते हैं। ईरान की यह चेतावनी सरकारी मीडिया ने रविवार (8 अक्टूबर) को प्रकाशित की है। ईरान की यह चेतावनी ऐसे समय में सामने आई है, जब इसके पहले व्हाइट हाउस ने कहा है कि राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप अपनी नई ईरान रणनीहित के हिस्से के रूप में ईरान के मिसाइल परीक्षणों, आतंकवाद और साइबर अभियानों के समर्थन के लिए नए कदमों की की घोषणा करेंगे।