खास सॉफ्टवेयर से नौसेना के 198 पोतों की होगी निगरानी

नई दिल्ली ( 17 जनवरी ): रक्षा मंत्रालय ने नौसेना के पोतों की निगरानी के लिए बड़ी पहल की है। जल्द ही नौसेना के सभी 198 पोत (युद्धपोत, विध्वंसक) एसएपी सॉफ्टवेयर से जुड़ जाएंगे।

ऐसा होने के बाद नौसेना जहां अपने पोतों के रख-रखाव और मरम्मत आदि की पूरी मॉनिटरिंग कर सकेगी, वहीं भ्रष्टाचार को रोकने में भी मदद मिलेगी। नौसेना के जहाजों में इस प्रणाली को इंस्टाल करने के लिए एलएंडटी के सॉफ्टवेयर इंजीनियर दिन रात एक किए हुए हैं।

खबरों के मुताबिक इस योजना को पिछली सरकार के समय में ही मंजूरी मिल गई थी और अब इस सरकार के समय में योजना परवान चढ़ने जा रही है। 1 अप्रैल को रक्षा मंत्री मनोहर पार्रिकर इस प्रणाली का बटन दबाकर उद्घाटन कर सकते हैं। इसके लिए विभाग ने रक्षा मंत्रालय को प्रस्ताव भेजने की तैयारी भी शुरू कर दी है।

खबरों के अनुसार नौसेना मुख्यालय का कहना है कि इस प्रणाली से नौसेना के ऑपरेशन को काफी चुस्त-दुरुस्त किया जा सकेगा। मरम्मत-रखरखाव के स्तर पर सहूलियत मिलेगी। इतना ही नहीं साउथ ब्लॉक और नौसेना के ऑपरेशनल महानिदेशालय में बैठा व्यक्ति एक स्थान पर बैठकर सभी 198 वेसेल्स के बारे में जानकारी ले सकेगा। समय रहते जाना जा सकेगा कि किस उपकरण में क्या खराबी आ रही है। खराबी का स्तर क्या है और उसमें क्या-क्या बदलाव किए गए हैं। किन चीजों की मरम्मत की गई।