कैप्टन पर दिए सिद्धू के बयान से पंजाब के कई मंत्री नाराज, हटाने की मांग तेज


न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (1 दिसंबर): पंजाब सरकार के मंत्री और पूर्व क्रिकेटर नवजोत सिंह सिद्धू का विवाद पीछा छोड़ने का नाम ही नहीं ले रहा है। पहले पाकिस्तान जाने और उसके बाद खालिस्तानी आतंकवादी गोपाल चावला के साथ उनके फोटो पर घमासान जारी है। इन सबके बीच शुक्रवार को कैप्टन अमरिंदर सिंह को लेकर दिए बयान से उनके कई साथी मंत्री भी खासे नाराज बताए जा रहे हैं। बताया जा रहा है कि नवजोत सिंह सिद्धू के कैप्टन वाले बयान को लेकर पंजाब के कैबिनेट मंत्रियों में बेहद नाराजगी है। 3 दिसंबर को होने वाली पंजाब कैबिनेट की बैठक में पंजाब के करीब 10 मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू को कैबिनेट से हटाए जाने या इस्तीफा लेने की डिमांड करेंगे। दरअसल नवजोत सिंह सिद्धू के खुद को कैप्टन अमरिंदर सिंह से ऊपर दिखाने को लेकर पहले भी दिये जा चुके बयानों और एटीट्यूड की वजह से पंजाब सरकार के कई मंत्री पहले से ही नाराज चल रहे हैं। अब ये मंत्री पंजाब मंत्रिमंडल की बैठक में खुलकर सिद्धू के खिलाफ आने की तैयारी कर रहे हैं।



राजिंदर सिंह बाजवा ने नवजोत सिंह सिद्धू को पंजाब कैबिनेट से इस्तीफा देने की सलाह देते हुए कहा है कि ये बात बिल्कुल साफ है कि पंजाब में हमारे लीडर, हमारी पार्टी के लीडर सीएम कैप्टन अमरिंदर सिंह ही है। लेकिन अगर नवजोत सिंह सिद्धू कैप्टन अमरिंदर सिंह को अपना लीडर नहीं मानते या खुद को उनसे बड़ा मानते हैं तो उन्हें कैबिनेट से इस्तीफा दे देना चाहिए और राहुल गांधी जहां भी उनको जिम्मेदारी दें वहां पर पार्टी के लिए काम करना चाहिए। बाजवा ने नवजोत सिंह सिद्धू को कम बोलने और काम ज्यादा करने की नसीहत भी दी और कहा कि नवजोत सिंह सिद्धू थोड़ा कम स्पीड से चलें। हो सकता है उनके सपने बड़े हो, वो साकार भी तभी होंगे जब वो अपने शब्दों पर ध्यान देंगे और कम स्पीड से चलेंगे। बाजवा ने कहा कि ये बात तो सबको पता है कि मेरे, कैप्टन अमरिंदर सिंह, सिद्धू के और पूरी कांग्रेस पार्टी के कैप्टन राहुल गांधी ही हैं लेकिन पंजाब में कांग्रेस और सरकार के लीडर कैप्टन अमरिंदर सिंह ही हैं और रहेंगे। बाजवा ने कहा कि जिस तरह के एटीट्यूड और बॉडी लैंग्वेज के साथ नवजोत सिंह सिद्धू ने कैप्टन अमरिंदर सिंह को अपना कैप्टन ना मानने की बात कही है ऐसे में उन्हें कैबिनेट को छोड़ देना चाहिए।



इन सबके बीच सिद्धू ने अपने इस बयान से यूटर्न ले लिया है जिसमें उन्होंने कहा था कि वो कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी के कहने पर पाकिस्तान गए थे। सिद्धू ने ट्वीट कर कहा कि 'मेरे बयान को तोड़ने से पहले अपने फैक्ट्स को चेक कर लें। राहुल गांधी ने मुझसे पाकिस्तान जाने के लिए कभी नहीं कहा पूरा विश्व जानता है कि मैं पीएम इमरान खान के निमंत्रण पर पाकिस्तान गया था।'