नवरात्र का आज आखिरी दिन, ऐसा करने से पूरी होती हैं सारी मनोकामनाएं

नई दिल्ली(10 अक्टूबर): आज नवरात्र का आखिरी दिन हैं,यानि आज नवमी है। आज का दिन नौ दिनों से चल रहे व्रत को तोड़ने का है और मां दुर्गा की स्वरुप माने जाने वाली कन्याओं को प्रसाद खिलाने का है। 

- आज दिन बेहद अहम माना जाता है। आज सिद्धीदात्री का पूजन किया जाता है। मान्यता है कि देवी के इस स्वरुप की पूजा से सभी मनोकामनाएं पूरी होती। 

- इस मौके पर भक्त कन्यापूजन से लेकर भंडारे तक का आयोजन करते हैं। इस बार का नवरात्र पर्व इसलिए भी खास रहा क्योंकि इस नवरात्र नौ दिन की बजाय दस दिनों की रही है और ऐसा संयोग 18 सालों बाद देखने को मिला। 

- नवरात्रि के नौवें और आखिरी दिन माता सिद्धिदात्री की पूजा की जाती है। माना जाता है कि मां दुर्गा की नौवीं शक्ति देवी सिद्धिदात्री की पूजा करने से भक्तों को सारी सिद्धियां प्राप्त होती हैं। देवी सिद्धिदात्री को मां सरस्वती का भी एक रूप माना जाता है माता सिद्धिदात्री की पूजा के बाद ही अगले दिन दशहरा त्योहार मनाया जाता है।

- आपको बता दें कि देवी दुर्गा के इस अंतिम स्वरुप को नव दुर्गाओं में सबसे श्रेष्ठ और मोक्ष प्रदान करने वाला माना जाता है। भगवान शिव ने भी माता सिद्धिदात्री की कृपा से तमाम सिद्धियां प्राप्त की थीं। इनकी कृपा से ही महादेव का आधा शरीर देवी का हुआ था। इसी कारण शिव अर्धनारीश्वर नाम से प्रसिद्ध हुए थे।

- सिद्धिदात्री को नौ तरह के प्रसाद, नवरस युक्त भोजन, नौ प्रकार के पुष्प और नौ प्रकार के ही फल अर्पित करने चाहिए। सबसे पहले कलश की पूजा की जाती हैं और उसके बाद विधिपूर्वक माता के मंत्रो का जाप कर पूजा करनी चाहिए। नवरात्र के अंतिम दिन कन्याओं को भोग लगाया जाता है।