12,000 किलोमीटर की कठिन पदयात्रा कर रहा है मुस्लिम गोभक्त

नई दिल्ली ( 2 नवंबर ): भगवा कपड़े पहनकर एक आदमी इन दिनों कश्मीर से लेकर कन्याकुमारी तक 12,000 किमी लंबी पैदल यात्रा पर निकला है। मकसद है, गाय को बचाना और गौवंश के संरक्षण के लिए लोगों को जागरुक करना। 12000 किमी की इस कठिन यात्रा पर निकले इस व्यक्ति का नाम है मोहम्मद फैज खान। जी हां, ये वही फैज खान हैं जो बनारस में गंगा तट के किनारे रमजान के पाक महीने में गौकथा सुनाते हैं।

गौ सेवा सद्भावना पदयात्रा नाम से शुरू हुई यह पदयात्रा को लोगों को गायों के संरक्षण के लिए जागरूक करना है। बुधवार को फैज 130 दिनों की 2,100 किलोमीटर की पदयात्रा करके उत्तर प्रदेश के वाराणसी पहुंचे। उन्होंने बताया कि वह रोज 20 से 25 किलोमीटर पैदल चलते हैं। उन्हें उम्मीद है कि वह जनवरी 2019 तक अमृतसर पहुंच जाएंगे। उन्होंने बताया कि उनकी इस पदयात्रा का मुख्य उद्देश्य यह है कि गौ सेवा के माध्यम से लोगों के बीच साम्प्रदायिक सदभावना फैले। उन्होंने कहा कि लोगों को गाय का संरक्षण करना चाहिए जो मानव की जिंदगी बचाती है। उन्हें दुख है कि उस गाय के संरक्षण के नाम पर हिंसा हो रही है।

फैज ने बताया कि उन्होंने 24 जून को उनकी यात्रा लेह से सिंधु दर्शन उत्सव के दौरान की थी। यात्रा दो चरणों में पूरी होगी। पहले फेज की पदयात्रा में जम्मू और कश्मीर, हिमाच प्रदेश, पंजाब, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश, बिहार, वेस्ट बंगाल, उड़ीसा, झारखंड, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश और तमिलनाडू शामिल किया है। दूसरे फेज की यात्रा कन्याकुमारी से अमृतसर की होगी जो केरल, कर्नाटक, गोवा, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, गुजरात, राजस्थान, हरियाणा, दिल्ली और पंजाब होते हुए अमृतसर में खत्म होगी।