मुंबई: सबसे गंदे वर्सोवा बीच की ऐसी सफाई, बदल गई सूरत

नई दिल्ली ( 23 मई ): प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के स्वच्छ भारत अभियान को कई संस्थाएं और लोग जुड़े हैं। इस अभियान को आगे बढ़ा रहे हैं। स्वच्छ भारत अभियान ने कई शहरों को चमचमा दिया, लेकिन आज हम को एक समुद्र तट की कहानी के बारे में बताएंगे। मुंबई का वर्सोवा बीच। यहां कभी 53 टन कचरा बिखरा पड़ा था। फिर किसी भी समुद्र तट को साफ करने की दुनिया की सबसे बड़ी मुहीम शुरू हुई ।



आज यहां कचरे का एक कतरा नहीं, जन्नत नजर आती है। खास बात यह रही कि पूरा फल जागरुक रहवासियों की मेहनत का है। 85 हफ्ते चले सफाई अभियान में 53 टन कचरा वर्सोवा समुद्र तट से हटाया गया। 150 सफाईकर्मियों ने लगातार काम किया और हर हफ्ते 16,000 टन कूड़ा बाहर फेंका।



सफाई का यह जिम्मा वर्सोवा रेसिडेंट्स वॉलेंटियर्स (VRV) ने अपने हाथ में लिया था। सफाई अभियान के 85वें हफ्ते के बाद की कुछ तस्वीरें इस समुह के अफरोज शाह ने सोशल मीडिया पर जारी की। 35 वर्षीय अफरोज पेशे से वकील हैं, जिन्होंने अक्टूबर 2015 में यह अभियान शुरू किया था। चमचमाता बीच देखने के बाद अब सरकारी अधिकारियों के साथ ही संयुक्त राष्ट्र और आम मुंबईकर से बधाइयां मिल रही हैं।



यूनाइटेड नेशन्स एन्वाइरन्मन्ट प्रोग्राम के तहत हाल ही में अफरोज को सम्मानीत भी किया गया है। यह सम्मान पाने वाले अफरोज पहले भारतीय हैं।


अफरोज बताते हैं, पूरा वर्सोवा बीच अब साफ है। यहां समुद्र में खाई है जहां जाकर कचरा जम जाता था। रहवासियों के साथ ही मछुवारों ने भी सहयोग किया और खाई में जाकर कचरा बाहर निकाला।