'नो फ्लाई लिस्ट' में शामिल हुआ पहला व्यक्ति, 5 साल तक नहीं कर पाएगा हवाई सफर

नई दिल्ली ( 20 मई ): भारत में हवाई यात्रा के दौरान हंगामा करने और सुरक्षा तोड़ने वाले पैसेंजर्स के लिए नो फ्लाई लिस्ट की शुरुआत होने के करीब 8 महीने बाद इसमें पहले व्यक्ति को शामिल किया है। मुंबई के ज्वैलर बिरजु किशोर सल्ला पहले ऐसे व्यकित हैं जिन्हें इसमें शामिल किया गया है। ज्वैलर बिरजु ने पिछले साल जेट एयरवेज के विमान के अपहरण होने की झूठी खबर फैलाई थी।मुंबई से दिल्ली जा रही फ्लाइट के बिजनस क्लास के शौचालय में प्लेन हाइजैक का झूठा मेसेज छोड़ा था। इसके आधार पर फौरन ऐक्शन लेते हुए प्लेन को अहमदाबाद डायवर्ट करना पड़ा था और बाद में यह मेसेज अफवाह साबित हुआ। इस आधार पर जेट एयरवेज ने यात्री को पांच साल तक अपनी फ्लाइट्स में यात्रा करने से बैन कर दिया है।नागरिक उड्डयन महानिदेशालय के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया, 'जेट एयरवेज ने हमें सूचित किया है कि इस प्रक्रिया के तहत वे बिरजू किशोर सल्ला को सुरक्षा कारणों के चलते पांच साल तक हवाई यात्रा से बैन कर रहे हैं। यह प्रतिबंध नवंबर, 2017 से प्रभावी माना जाएगा।' उन्होंने कहा, 'नो फ्लाइंग लिस्ट में डाले गए व्यक्ति की सूचना बाकी करियर्स को देने की जिम्मेदारी भी एयरलाइंस की होगी। हम ऐसे लोगों का एक डेटाबेस तैयार करेंगे।'बिरजू सल्ला को ऑन बोर्ड खतरनाक व्यवहार के चलते उच्चतम स्तर (तीन) के तहत इस लिस्ट में डाला गया है। इसमें दो साल से लेकर आजीवन प्रतिबंध तक लगाया जा सकता है। इसके अलावा हिंसा, कॉकपिट में घुसने की कोशिश या ऑपरेटिंग सिस्टम को नुकसान पहुंचाने की कोशिश पर भी इस तरह प्रतिबंध लगाया जा सकता है।जानें क्या था पूरा मामलाबिरजू किशोर सल्ला ने जेट एयरवेज के विमान के शौचालय में एक धमकी भरा खत रख दिया था। इसमें लिखा था कि अपहरणकर्ताओं ने विमान को अपने घेरे में ले लिया है और दिल्ली में इसे नहीं उतरना चाहिए। इस विमान को सीधे पाक अधिकृत कश्मीर ले जाना चाहिए। खत के मिलने के बाद विमान संख्या 9W339 को सुरक्षा कारणों के मद्देनजर अहमदाबाद के सरदार बल्लभ भाई पटेल अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के लिए डायवर्ट किया गया था।