आख़िरकार करिश्मा और संजय कपूर का हो गया तलाक

 

मुंबई (13 जून) : बॉलीवुड अभिनेत्री करिश्मा कपूर और संजय कपूर का  आखिरकार तलाक हो गया है। मुंबई फैमिली कोर्ट में दोनों का तलाक हो गया और दोनों अब कानूनी तौर पर अलग हो गए।

बता दें कि 2014 में उन्होंने तलाक की पिटीशन दायर की थी। इस बीच मामले में कई मोड़ आए। मामला बच्चों की कस्टडी को लेकर उलझ रहा था, जिसे इसी साल अप्रैल में आपसी सहमति से सुलझा लिया गया। सुप्रीम कोर्ट में हुई सुलह के बाद दोनों आपसी सहमति से अलग हो गए और बच्चों की कस्टडी करिश्मा को दे दी गई।

तलाक के बाद बच्चों के नाम 10 करोड़ रुपए का ट्रस्ट किया गया है, जिससे दस लाख रुपए महीना ब्याज आएगा। वहीं करिश्मा जिस डुप्लेक्स में रहती हैं, वह उनके नाम ही रहेगा।

दोनों बच्चे समायरा और कियान करिश्मा के पास रहेंगे। हालांकि, उनसे मिलने का अधिकार संजय के पास सुरक्षित हैं। सूत्रों की मानें तो सालभर में दो से तीन महीने का वक्त संजय बच्चों के साथ बिता सकते हैं।

करिश्मा ने 29 सितंबर, 2003 को बिजनेसमैन संजय कपूर से शादी की। यह करिश्मा की पहली और संजय की दूसरी शादी थी। 2012 में दोनों अलग हो गए। करिश्मा मां बबिता के साथ मुंबई में रह रही हैं। पहले दोनों ने आपसी रजामंदी से तलाक की अर्जी दायर की थी। नवंबर 2015 में दोनों ने मुंबई के फैमिली कोर्ट से तलाक की अर्जी वापस ली। करिश्मा कहना था कि संजय डिवोर्स के लिए तय किए गए फाइनेंशियल कमिटमेंट पूरे नहीं कर सके। संजय ने मुंबई के बांद्रा कोर्ट में दिसंबर में दोबारा डिवोर्स पिटीशन दाखिल की थी।

मिड डे की रिपोर्ट के मुताबिक संजय कपूर के वकील अमन हिंगोरानी ने कहा, हमने फैमिली कोर्ट को बताया कि सुप्रीम कोर्ट में ये मामला आपसी सहमति से सुलझाया जा चुका है और शर्ते भी तय कर ली गई हैं। इसके बाद कोर्ट ने कपल को तलाक की अनुमति दे दी।

बता दें कि करिश्मा कपूर के वकील महेश जेठमलानी ने सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के बाद कहा था कि दोनों पार्टियों ने आपसी सहमति से मामले को सुलझा लिया है। आर्थिक मुद्दे और बच्चों की कस्टडी की शर्तें भी तय कर ली गयी हैं।

हालांकि दोनों के वकीलों ने शर्तों पर चुप्पी साधे रखी। लेकिन मामले से जुड़े रहे एक वकील ने कहा कि ये शर्ते वहीं हैं जो 2014 में तलाक प्रक्रिया शुरू होने के वक्त थी। करिश्मा के नाम संजय के पिता का खार स्थित बंगला ट्रांसफर होना। साथ ही संजय की ओर से बच्चों के लिए 14 करोड़ रुपए के बॉन्ड खरीदना जिसका मासिक ब्जाय 10 लाख रुपए आएगा।