जडेजा बने एशिया के नंबर 1 गेंदबाज

नई दिल्ली(18 फरवरी): टी-20 क्रिकेट में आमतौर पर बल्लेबाज के छक्के-चौके देखने को मिलते हैं। लेकिन ऐसे में अगर कोई गेंदबाज एक भी डॉट गेंद डाल दे तो उसको गोल्डेन गेंद कहा जाता है। कई ऐसे गेंदबाज है जो बल्लेबाजों को एक-एक रन बनाने के लिए तरसा देते हैं। 

टीम इंडिया के रविंद्र जडेजा एशिया के नंबर वन किफायती गेंदबाज बन गए हैं। श्रीलंका के खिलाफ हाल ही में समाप्त हुई टी-20 सीरीज के तीसरे मैच में जडेजा ने 20 डॉट बॉल फेंकी थी। बता दें इस लिस्ट में 4 गेंदबाज टीम इंडिया के हैं।

टी-20 के सबसे किफायती गेंदबाजों में से एक हैं टीम इंडिया के स्टार स्पिनर आर अश्विन। श्रीलंका के खिलाफ टी-20 सीरीज के तीसरे और आखिरी मुकाबले में इस गेंदबाज ने 17 डॉट बॉल फेंकी। तीसरे मैच में अश्विन ने 4 ओवर में 1 मेडन देते हुए 8 रन दिए और 4 विकेट भी झटके थे।

भारतीय गेंदबाज भुवनेश्वर कुमार भी किफायती गेंदबाजों में एक हैं। 2012-13 में बंगलौर में पाकिस्तान के खिलाफ हुए टी-20 मुकाबले में इस गेंदबाज ने 19 डॉट बॉल फेंकी थी। बाएं हाथ के तेज गेंदबाज आरपी सिंह का पहले टी-20 वर्ल्ड कप में किया गया प्रदर्शन हर किसी भारतीय प्रशंसक के जेहन में आज भी ताजा है। इस गेंदबाज ने 2007 टी-20 वर्ल्ड कप के एक मैच में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ 19 डॉट बॉल फेंकी थी। 

इनसे ऊपर जिम्बाव्‍बे के गेंदबाज क्रिस्‍टोफर अम्फु आते हैं। इन्होंने 2008-09 में कनाडा के खिलाफ एक टी-20 मुकाबले में 21 डॉट बॉल फेंकी थी। यूएई टीम के गेंदबाज मुदास्सार बुखारी भी एक टी-20 मैच में 21 डॉट बॉल के साथ क्रिस्टोफर के साथ बराबरी पर हैं। इन्होंने इसी महीने दुबई में हुए एक मैच नीदरलैंड के खिलाफ शानदार प्रदर्शन किया था।