अपनी नाक कटवाकर भी भारत का बुरा चाहता है पाक: RSS प्रमुख

नई दिल्ली(7 अगस्त): इस्लामाबाद में सार्क सम्मेलन के दौरान पाकिस्तान के रवैये की भारतीय संसद में निंदा के बीच राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने पड़ोसी मुल्क पर शुक्रवार को परोक्ष तौर पर निशाना साधा और कहा कि वह 'द्वेष की पराकाष्ठा' के चलते अपनी नाक कटवा कर भी भारत का बुरा चाहता है।

- भागवत ने इंदौर में एक पुस्तक के लोकार्पण समारोह में पाकिस्तान की ओर सीधा इशारा करते हुए कटाक्षपूर्ण लहजे में कहा, 'द्वेष की पराकाष्ठा तो ऐसी है कि हमारी (पाकिस्तान की) अपनी हालत पतली है. लेकिन हम (पाकिस्तान) अपनी नाक कटवा कर भी पड़ोसी (भारत) के लिए अपशकुन करेंगे. हमारा पड़ोसी (पाकिस्तान) ऐसा ही बर्ताव कर रहा है।'

- उन्होंने पाकिस्तान का नाम लिए बगैर कहा, 'बन गए अलग (मुल्क) ..ठीक है बन गए। हम मदद करने के लिए तैयार हैं.. अपने बल पर खड़े हो जाओ। हम जब बार-बार दोस्ती का हाथ बढ़ाते हैं, तो वह (पाकिस्तान) ऐसी व्यवस्था करता है कि हम दोस्ती का हाथ न बढ़ा सकें।'

- भागवत ने कहा कि दुनिया के मुल्कों में महाशक्ति (सुपर पॉवर) बनने के लिए स्पर्धा चल रही है, जिससे विकसित और विकासशील देश पिस रहे हैं। उन्होंने कहा, 'वैश्विक चिंतक सोच रहे हैं कि अगर ये स्पर्धा ऐसी ही चली, तो दुनिया बचेगी या नहीं। दुनिया अपने सवालों के जवाब के लिए भारत की ओर आशा भरी निगाहों से देख रही है। इन प्रश्नों के उत्तर देकर हम दुनिया के सिरमौर राष्ट्र बन सकते हैं।'