एमके स्टालिन संभालेंगे करुणानिधि की गद्दी

चेन्नई (20 अक्टूबर): डीएमके प्रमुख एम. करुणानिधि ने अपने वारिस का ऐलान कर दिया है। करुणानिधि के मुताबिक उनके छोटे बेटे एमके स्टालिन (63) उनकी सत्ता संभालेंगे। हालांकि 92 साल के करुणानिधि के खुद के राजनीति से संन्यास लेने की बात को खारिज किया है।

एक तमिल पत्रिका को दिए इंटरव्यू में करुणानिधि ने कहा, 'स्टालिन मेरे राजनीतिक उत्तराधिकारी हैं और मुझे किसी भी तरह से अलागिरी की कमी नहीं खटक रही। सच्चाई यह है कि स्टालिन बहुत ही मददगार हैं और पार्टी के ज्यादातर कामकाज को संभालते हैं।' उन्होंने कहा, 'कम उम्र में ही स्टालिन ने गोपालपुरम यूथ सेंटर की स्थापना की। उन्होंने कड़ी मेहनत की, संघर्ष किया और MISA के तहत गिरफ्तारी के वक्त बहुत सारी यातनाओं को झेला। उन्होंने खुद को डीएमके के दूसरे बड़े नेता के रूप में स्थापित किया। इस तरह वह मेरे राजनीतिक उत्तराधिकारी हैं।'

डीएमके नेताओं ने भी करुणानिधि के ऐलान का स्वागत किया है। पार्टी नेता टीकेएस एलनगोवन ने कहा कि एमके स्टालिन मैदान में हैं उन्हें पार्टी पर थोपा नहीं गया है। उन्होंने खुद की काबिलियत से यह जगह बनाई है। डीएमके में करुणानिधि के बेटों अलागिरी और स्टालिन के बीच लंबे समय से राजनीतिक विरासत की जंग चल रही थी। इस साल तमिलनाडु विधानसभा के लिए हुए चुनाव में अलागिरी ने डीएमके के लिए चुनाव प्रचार से खुद को दूर कर लिया था, क्योंकि करुणानिधि स्टालिन का समर्थन कर रहे थे।