शनि शिंगणापुर: 400 साल बाद मंदिर ट्रस्ट ने महिलाओं को दी पूजा की इजाजत

मुंबई (8 अप्रैल): शनि शिंगणापुर में पूजा को लेकर मंदिर ट्रस्ट ने महिलाओं को इजाजत दे दी है। इससे पहले यहां पर पूजा करने को लेकर संग्राम छिड़ा हुआ था। थोड़ी देर पहले पुरुष श्रद्धालुओं ने गर्भगृह में जाकर पूजा पाठ किया। पुरुष श्रद्धालुओं ने बैरिकेड तोड़कर पूजापाठ किया। हम आपको बता दें कि मंदिर प्रशासन ने महिला और पुरुष दोनों के ही गर्भगृह में जाकर पूजा करने पर रोक लगा दी थी।

पुरुषों के चबूतरे पर चढ़कर शनि भगवान की पूजा करने और तेल चढाने के बाद भूमाता ब्रिगेड की सैकड़ों कार्यकर्ता शनि शिंगणापुर के लिए रवाना हुईं थीं। भूमाता ब्रिगेड की अध्यक्ष तृप्ति देसाई ने कहा था कि आज पुरुषो ने शनि को तेल चढ़ाकर पूजा की है तो आज महिलाएं भी चबूतरे पर जाकर दर्शन करेंगी।

बता दें कि बॉम्बे हाईकोर्ट ने अपने आदेश में कहा था कि पूजा स्थलों पर जाना महिलाओं का मौलिक अधिकार है। किसी भी मंदिर में महिलाओं को पूजा करने से नहीं रोका जा सकता। कोर्ट के इस फैसले के बाद भूमाता ब्रिगेड के हौसले और भी बुलंद हो गए थे। इधर, मंदिर में 400 साल पुरानी परंपरा को कायम रखने के लिए गठित कार्य समिति के सदस्य उच्च न्यायालय के आदेश को उच्चतम उन्यायालय में चुनौती देने पर विचार कर रहे थे। लेकिन आज अचानक मंदिर ट्रस्ट की तरफ से फैसला आया कि महिलाओं को मंदिर में पूजा करने से नहीं रोका जाएगा और इसके साथ ही पूजा को लेकर चल रहा विवाद खत्म होता दिख रहा है।