फिर दिखा स्वास्थ विभाग का अमानवीय चेहरा, महिला ने सड़क पर दिया बच्ची को जन्म

नई दिल्ली ( 9 फरवरी ): उत्तर प्रदेश के बलरामपुर जिले में एक बार फिर स्वास्थ विभाग का अमानवीय चेहरा सबके सामने आया है। गुरूवार को शिवपुरा CHC में डिलिवरी के लिए पहुंची एक गरीब महिला को अस्पताल में दाखिला नहीं मिला और दर्द से कराहते हुए महिला को सड़क पर ही बच्ची को जन्म देने के लिए मजबूर होना पड़ा।

पीड़ित महिला ने इस अमानवीय व्यवहार पर CHC के डाॅक्टर के खिलाफ CMO को लिखित शिकायत की है। महिला के परिवारीजनों का कहना है कि उन्हें इस बात से राहत है कि जच्चा-बच्चा सकुशल हैं, लेकिन सही राहत तब मिलेगी जब आरोपी डाॅक्टर पर कार्रवाई होगी। फुलवरिया गांव निवासी महिला संगीता के मुताबिक उनके परिवारीजन सुबह उसे अस्पताल में भर्ती कराने लाए थे।

अस्पताल में मौजूद स्टाफ ने डिलिवरी के बदले 4 हजार रुपये मांगे। जब पैसे दे पाने में असमर्थता जताई गई तो डाॅक्टर ने पेट में बच्चा उल्टा होने की बात कहकर कहीं और जाने की सलाह दी। महिला के पति दिनेश यादव ने बताया कि जैसे ही हम अस्पताल से बाहर निकले संगीता को जोर का दर्द उठा और सड़क पर ही बच्ची पैदा हो गई।

इसके बाद भी अस्पताल से कोई नहीं आया। ग्राम प्रधान ने जब DM को फोन किया तब जाकर महिला को भर्ती किया जा सका। इससे पहले भी यहां एक महिला को फर्श पर लिटाने का मामला सामने आया था, जिससे उसके गर्भ में बच्चे की मौत होने के आरोप लगे थे।

उधर प्रभारी CMO डॉ. जयंत कुमार के मुताबिक महिला को जांच के लिए अस्पताल के बाहर भेजा गया था लेकिन रास्ते में ही डिलिवरी हो गई। इसके बावजूद महिला द्वारा लगाए गए आरोपों की जांच कराई जाएगी।