3 साल में विदेश में फंसे 80 हजार लोगों को भारत लाया गया: सुषमा

नई दिल्ली (5 जून): मोदी सरकार के तीन साल पूरे होने पर विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने अपने मंत्रालय का लेखा-जोखा पेश किया। सुषमा ने कहा कि सरकार की सभी योजनाओं में विदेश मंत्रालय सक्रिय है और पिछले तीन साल में विदेश में फंसे 80 हजार से ज्यादा लोगों को वापस लाया गया।

सुषमा ने कहा कि गरीब कल्याण और साहसिक फैसलों के कारण हमारी सरकार की लोकप्रियता बढ़ रही है। ठीक वैसे ही भारत की लोकप्रियता और पीएम की लोकप्रियता विदेशो में भी बढ़ रही है। विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने कहा कि पाकिस्तान से भारत की विदेश नीति समझने के लिए तीन बातों को समझने बेहद अहम है।

- इस सरकार ने ये परंपरा शुरू की है कि इस सरकार का हर मंत्री हर साल अपने काम का ब्योरा देगा। मैं पहली बार पेश हुई हूं। इस सच्चाई को तो आप स्वीकार करेंगे कि गरीब कल्याण के कारण हमारी सरकार का सम्मान बढ़ा है। विश्व में भी हमारा प्रभुत्व बढ़ा है। पीएम का कद काफी बढ़ा हुआ है। संकट में फंसे हुए भारतीयों की हमने मदद की है।

- घरेलू मामलों में भी विदेश मंत्रालय सक्रिय भूमिका निभा रहा है। एफडीआई यूपीए की तुलना में 37.5 फीसदी बढ़ी है। हमारे दूतावास काम को आगे बढ़ाते हैं। प्रवासी भारतीयों की सुरक्षा हमारा उद्देश्य है। हमने 80 हजार लोगों को विदेशों में बचाया है। पहले पीएम ने खाड़ी देशों से रिश्ते बेहतर किए। इसीलिए मैंने दो लोगों को चुना।

- मैंने काम को दो भागों में बांटा। हमारे राजदूत की सक्रियता बेहद तेज हुई है। पीएम की कोशिश रंग लाई। इसमें ऑपरेशन मैत्री शामिल हुई। ये वो आंकड़ा है वो सिर्फ संकट में फंसे लोगों का है। हमने अपने नागरिकों को सहूलियत का ध्यान रखा। पासपोर्ट की सेवाओं में विस्तार और सुधार किया। नियम सरल किए।