पर्रिकर बोले- कोर्ट के कुछ फैसले 'बेतुके', वैज्ञानिक समझ से परे

पणजी (31 मई) :  रक्षा मंत्री मनोहर पर्रिकर ने कहा है कि कोर्ट के कुछ निर्देश ‘बेतुके’ और किसी वैज्ञानिक आधार से परे हैं। एक सार्वजनिक समारोह में पर्रिकर ने सोमवार को न्यायपालिका की आलोचना करते हुए कहा कि बिना किसी वैज्ञानिक आधार के 'बेतुके' निर्देश दिए जा रहे हैं। विज्ञान को नहीं समझने वाले कुछ लोगों ने इसका मतलब निकालना शुरू कर दिया है। उन्होंने कहा कि मैं मर्सिडिज बेंज कंपनी के बारे में रिपोर्ट पढ़ रहा था। उन्होंने भारत में निवेश बंद कर दिया है, क्योंकि उनका कहना है कि अदालत के फैसले उनकी समझ से परे हैं। उनका कहना है हम डीजल वाहनों को प्रतिबंधित करने का औचित्य समझ नहीं पा रहे हैं।

पर्रिकर ने कहा कि हम समझ सकते हैं कि आप प्रदूषण फैलाने वाले डीजल वाहनों को प्रतिबंधित कर सकते हैं, लेकिन पेट्रोल वाहनों से कम या बिल्कुल प्रदूषण नहीं फैलाने वाले डीजल वाहनों पर प्रतिबंध लगाने का क्या मतलब है।  सालिगाव-कलंगुते में ठोस कचरा प्रबंधन संयंत्र का उद्घाटन करने के बाद लोगों को संबोधित करते हुए पर्रिकर ने ये बातें कहीं। केन्द्रीय मंत्री ने कहा कि कचरा और सीवेज शोधन बड़ा घोटाला क्षेत्र है क्योंकि केन्द्रीय योजनाओं के तौर पर हुए निर्माण को भी बिना हिसाब किताब के छोड़ दिया गया है।