15 किलोमीटर तक बेटी का शव कंधे पर लाद कर ले गया ये शख्स

नई दिल्ली (6 जनवरी): ओडिसा में एक बार फिर दाना मांझी की पुनरावृत्ति हुई है। अस्पताल की उदासीनता की वजह से एक शख्स को अपनी बेटी की लाश 15 किलोमीटर तक कंधे पर रखकर ले जाने को मजबूर होना पड़ा। उसे शव ले जाने के लिए एंबुलेंस नहीं मिली। पिछली घटना के बाद ओडिशा सरकार ने दावा किया कि वे महाप्रयाण योजना को बेहतर बनाएगी ताकि अस्पताल से शवों को घर ले जाने में मदद मिल सके। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक गति धीबर अपनी सात साल की बेटी का इलाज कराने अस्पताल पहुंचा था। बेटी की मौत होने पर उसने शव को घर ले जाने के लिए एंबुलेंस की मांग की थी लेकिन अस्पताल प्रशासन ने उस पर कोई ध्यान नहीं दिया। अस्पताल से काफी निवेदन के बाद भी जब एंबुलेंस नहीं मिली तो वह बेटी की लाश को कंधे पर लेकर चल पड़ा। उसके साथ उसकी पत्नी भी थी। वे दोनों जब पैदल घर जा रहे थे तभी मीडिया के कुछ लोगों की नजर उन पर पड़ी। मामला सामने आया तो जिले के कलेक्टर अनिल कुमार समल ने इसकी जांच के आदेश दिए। उन्होंने बताया कि रिपोर्ट के आधार पर सिक्योरिटी गार्ड और जूनियर हॉस्पिटल मैनेजर को जिम्मेदार पाया गया और उन्हें सस्पेंड कर दिया गया है। इसके अलावा सब-डिविजनल मेडिकल ऑफिसर से भी जवाब तलब किया गया है।