बीजेपी मंत्रियों की छवि चमकाएंगे प्राइवेट पीआर अधिकारी

 
नई दिल्ली ( 31 जनवरी ): महाराष्ट्र की फडणवीस सरकार ने मंत्रियों की छवि को चमकाने के लिए सरकारी खर्चे पर 'प्राइवेट पीआर' यानी निजी जनसंपर्क अधिकारियों की भर्ती करने का फैसला किया है। राज्य के सामान्य प्रशासन विभाग से इस बारे में शासनादेश जारी हो चुका है।

सरकारी खर्चे पर मंत्रियों की छवि चमकाने के लिए 30 प्राइवेट पीआर की भर्ती करने की बात शासनादेश में कही गई है। इनमें से हर एक को 25 हजार रुपये पगार मिलेगी। 'प्राइवेट पीआर' की नियुक्ति 2 वर्ष या सरकार के रहने तक वैध रहेगी। यानी अगले दो साल में सरकार इन पर 2 करोड़ रुपये खर्च करने जा रही है। 

'प्राइवेट पीआर' के पास सिर्फ दो ही काम होंगे पहला काम होगा मंत्री और मंत्रालय की छवि चमकाना और दूसरा काम होगा मंत्री और मंत्रालय के खिलाफ छपने वाली खबरों का खंडन करना। 

मंत्रियों की छवि को चमकाने का यह खर्चीला फैसला सरकारी तंत्र को ठेंगा दिखाते हुए लिया गया है। बता दें कि राज्य सरकार का अपना जनसंपर्क विभाग है। जिसमें पहले से ही दर्जनों लोग नियमित सरकारी पगार पर काम कर रहे हैं। सरकारी जनसंपर्क विभाग की तरफ से हर मंत्री को एक 'जनसंपर्क अधिकारी' दिया गया है, जो मंत्रियों के सरकारी कार्यक्रमों की रिपोर्ट तैयार करता है।