मध्यप्रदेश के 18वें मुख्यमंत्री बने कमलनाथ


न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (17 दिसंबर): मध्यप्रदेश में आज कांग्रेस का 15 साल का वनवास खत्म हो गया। विधानसभा चुनाव में मिली जीत के बाद आज राज्य में आज कमलनाथ की अगुवाई में कांग्रेस की सरकार बन गई। कमलनाथ मध्यप्रदेश के 18वें मुख्यमंत्री की रूप में कमान संभाल ली है। उन्हें राज्यपाल आनंदीबेन पटेल मुख्यमंत्री पद की शपथ दिलाई। यह तीसरी मौका है जब अशोक गहलोत मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री बने हैं। वह पहली बार 1998 में और 2008 में दूसरी बार मुख्यमंत्री बने थे। राजस्थान में यह पहली बार है जब जयपुर के अल्बर्ट हॉल में किसी मुख्यमंत्री के शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया है, इससे पहले शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन राजभवन में ही होता था।

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- कमलनाथ के शपथ ग्रहण में दिखी विपक्षी एकता

मध्यप्रदेश के 18वें मुख्यमंत्री बने कमलनाथ

- शिवराज ने कमलनाथ को दिया भरोसा, कहा- एमपी के विकास के लिए हरसंभव करेंगे मदद

- शपथ ग्रहण समारोह में अशोक गहलोत और सचिन पायलट भी मौजूद


कमलनाथ के शपथ ग्रहण समारोह में सभी धर्मों के धर्मगुरू मौजूद 

- शिवराज सिंह चौहान भी कमलनाथ के शपथ ग्रहण समारोह में पहुंचे

- कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी, पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह समेत कई नेता भोपाल पहुंचे


- चंद्रबाबू नायडू, फारूक अब्दुल्ला, एचडी देवगौड़ा, शरद पवार और शरद यादव भी भोपाल पहुंचे

- कमलनाथ कुछ देर में मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे


बसपा सुप्रीमो मायावती और सपा मुखिया अखिलेश यादव और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी भोपाल में कमलनाथ के शपथ ग्रहण समारोह में नहीं जाएंगे। बसपा और सपा ने मध्य प्रदेश में कांग्रेस को बिना शर्त कांग्रेस को समर्थन देने की बात कही है। अखिलेश यादव ने ट्वीट कर इस पर स्थिति साफ कर दी है। अखिलेश ने ट्वीट करते हुए कहा है कि कमलनाथ को मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री के रूप में हार्दिक बधाई। मध्य प्रदेश के बिजावर से निर्वाचित सपा विधायक राजेश कुमार हमारा प्रतिनिधित्व करेंगे। वहीं सांसद दिनेश त्रिवेदी समारोह में तृणमूल कांग्रेस का प्रतिनिधित्व करेंगे। पार्टी सूत्रों की माने तो बसपा सुप्रीमो मायावती के भी  शपथ ग्रहण समारोह में शामिल होने की संभावना नहीं है।