मोबाइल नंबर को आधार से लिंक कराने पर होगा ये फायदा

नई दिल्ली (2 नवंबर): लोग अपने मोबाइल नंबर को आधार से लिंक कराने में थोड़ी झिझक दिखा रहे हैं, लेकिन अगर आप यह करा लेंगे तो शायद आपको मालूम भी नहीं होगा कि इससे आपको कितना बड़ा फायदा होगा। हालांकि इसके लिए सुप्रीम कोर्ट ने समय सीमा को बढ़ाकर 31 मार्च कर दिया है।

सरकार को शक है कि लोकल टेलिकॉम रिटेल एजेंट्स के पास मौजूदा ऐसे डॉक्युमेंट्स को रीसाइकिल करके दूसरे कस्टमर्स को कनेक्शन बांटने के लिए उसका दुरुपयोग किया जा रहा है। आपको पता भी नहीं होगा कि आपकी आइडेंटिटी वाले डॉक्युमेंट्स की कॉपी कहां-कहां घूम रही है।

इससे भी डरावनी बात यह है कि आपके डॉक्युमेंट्स पर किस-किस ने सिम कार्ड लिया हुआ होगा। अगर किसी ने सिम कार्ड के लिए आपके डॉक्युमेंट्स का यूज किया था और अगर वह कोई अपराध करता है तो पुलिस आपके घर पहुंचेगी। आपको कई सवालों का जवाब देना होगा। कई तरह की परेशानी उठानी होगी।

आधार के बायोमीट्रिक ऑथेंटिकेशन से फ्यूचर में कोई आपके नाम पर सिम कार्ड नहीं ले पाएगा। अगर कोई ऐसा कर चुका है तो री-वेरिफिकेशन में उसका खुलासा हो जाएगा और कनेक्शन बंद हो जाएगा।