पदक मिलने की खुशी में चली गयी जान !

नई दिल्ली (9 अगस्त): ओलंपिक जैसे खेलों के महाआयोजन में पदक जीतना किसी भी एथलीट का सपना होता है और इसे हासिल करने के बाद एथलीट की खुशी का ठिकाना नहीं होता। लेकिन रियो में 56 किग्रा वर्ग में कांस्य पदक जीतने वाले थाईलैंड के युवा भारोत्तोलक क्रुराइथोंग सिनफेट के लिए यह खुशी के ये पल गम में तब्दील हो गये।

थाईलैंड के युवा एथलीट सिनफेट ने स्पर्धा में शानदार प्रदर्शन करते हुए तीसरा स्थान हासिल किया और कांस्य पदक अपने नाम किया। सिनफेट की 84 वर्षीय दादी अपने पोते की इस ऐतिहासिक कामयाबी की खुशी बर्दाश्त नहीं कर पाईं और हृदयगति रुकने से उनकी मौत हो गई। वह टीवी में इस स्पर्धा को देख रही थीं। पुलिस ने बताया कि जश्न के इस माहौल में सिनफेट की दादी अत्यधिक खुशी बर्दाश्त नहीं कर पाईं और हृदयगति रुकने से उनकी मौत हो गई।