मुस्लिम महिलाएं अंग्रेजी सीखें या वापस जाएं-डेविड कैमरून

नई दिल्ली (19 जनवरी): ब्रिटेनप्रधान मंत्री डेविड कैमरून ने कहा कि मैरिज सेटलमेंट वीजा पर ब्रिटेन आने वाली महिलाओं को दो साल के भीतर या तो अंग्रेजा सीखनी होगी या फिर उन्हें ब्रिटेन छोड़ कर अपने देश वापस जाना होगा। 'द इंडिपेनडेंट' की रिपोर्ट के अनुसार इस समय लगभग एक लाख नब्बे हजार मुस्लिम महिलाएं ऐसी हैं जिन्हें अंग्रेजी बोलना नहीं आता है। ये ब्रिटेन की स्थानीय मुस्लिम आबादी की 22 फसदी है।

ब्रिटेन के प्रधानमंत्री डेविड कैमरून ने उन्हें अंग्रेजी सिखाने पर 3 करोड़ अमरीकी डॉलर खर्च करने की घोषणा की। कैमरून ने कहा कि जो मुस्लिम महिलाएं स्थायी रूप से ब्रिटेन में बसना चाहती है, उन्हें ब्रिटिश पासपोर्ट की अर्हता प्राप्त करने के लिए अंग्रेजी में धाराप्रवाह हो जाना चाहिए। हमारा अगला लक्ष्य महिलाओं का सशक्तीकरण करना और उनके अंग्रेजी भाषा के ज्ञान को बढ़ाना है। हम ब्रिटेन के समाज को एकजुट रखते हुए एक मजबूत समाज का निर्माण कर सकते है जो कि वह है। मुस्लिम महिलाओं के लिए प्रस्तावित अंग्रेजी की कक्षाएं उनके घरों, स्कूलों और सार्वजनिक स्थानों पर लगाई जाएंगी। प्रधानमंत्री डेविड कैमरून के इस बयान की मुस्लिम संगठनों और विपक्षी पार्टियों ने जमकर आलोचना की।