लश्कर ने पोती पाक के मुंह पर कालिख, उरी हमले की जिम्मेदारी ली

नई दिल्ली(25 अक्टूबर): आतंक को लेकर दोहरा मापदंड अपनाने वाला पाकिस्तान एक बार फिर सवालों के घेरे में है। पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के गुजरांवाला में एक पोस्टर ने पाकिस्तान की पोल खोल दी है। पोस्टर से साफ हुआ है कि भारत की उरी में हुए आतंकी हमले के पीछे लश्कर-ए-तैयबा है। 

- गुजरांवाला में एक पोस्टर लगा है, जिसमें घोषणा की गई है कि लश्कर-ए-तैयबा उरी हमले में मारे गए 4 आतंकियों में से एक की अंतिम यात्रा निकालेगी। आतंकी की अनुपस्थिति में ये यात्रा निकलेगी। पोस्टर में एक अपराधी का नाम है, जो कि गुजरांवाला निवासी मोहम्मद अनस है, जो कि अबू सिरका के नाम से ऑपरेट करता था। उसके लिए नमाज में शामिल होने के लिए स्थानीय निवासियों को आमंत्रित किया गया है। 

- पोस्टर में अनस को लश्कर-ए-तैयबा का शेर दिल पवित्र योद्धा बताया गया है, जिसने 177 हिंदू सैनिकों को नर्क में भेजा। आतंकी हाफिज सईद अबू अनस की अनुपस्थिति में उसकी अंतिम संस्कार की प्रार्थना का नेतृत्व करेगा। 

- पाकिस्तान ने इस हमले के बाद भारत के सभी दावों को नकार दिया था और हमले के लिए कश्मीर के हालातों को कारण बताया था। घटनास्थल से कई पाकिस्तानी मार्का सामान मिले थे, जिसे भी उसने नकार दिया था। आतंकियों ने सेना के कैंप पर हमला किया था। उरी हमले से जुड़े डिटेल्स भी पाकिस्तान को सौंपे गए। एक हमलावर की पहचान हाफिज अहमद, मुजफ्फराबाद के रूप में की गई है। उरी हमले के हैंडलर्स के बारे में भी जानकारी पाकिस्तान को सौंपी गई है। मोहम्मद कबीर अवान और बशारत ने इस हमले के हैंडलर का रोल निभाया।

- उरी हमले के बाद भारत ने पीओके में सर्जिकल स्ट्राइक कर हमले का बदला लिया। चार आतंकियों के इस हमले के ग्यारह दिन बाद 29 सितंबर को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में सेना ने तस्दीक की कि उसने सीमा के साथ सटे कई आतंकी लॉन्चपैड या घुसपैठ के अड्डों पर सर्जिकल स्ट्राइक की। सेना ने यह भी कहा कि यह कार्रवाई पक्की और भरोसेमंद जानकारी मिलने के बाद की गई कि आतंकवादी हमले करने के लिए भारत में घुसपैठ की योजना बना रहे हैं।