GST से किसानों पर पड़ेगा असर, किसान संघ ने की सुरक्षा की मांग

नई दिल्ली (8 अगस्त): भारतीय किसान संघ (BKS) ने जीएसटी के प्रभाव को लेकर सरकार से किसानों की रक्षा की मांग की है। बता दें कि बीकेएस संघ परिवार से संबंधित है।

बीकेएस के सचिव मोहिनी मिश्रा ने कहा कि जीएसटी के आने से मुद्रास्फीति को 18-20 फीसदी की रेंज में बढ़ावा मिलेगा। लेकिन इससे किसान प्रभावित होंगे, जिसके लिए सरकार को उचित कदम उठाने होंगे।

ईटी से बात करते हुए उन्होंने कहा कि किसान को ऐसे स्थिति में सबसे ज्यादा हानि होती है। वो खेती के लिए जितना खर्च करते हैं, उन्हें उतना भी नहीं मिलता। यही नहीं वर्तमान में एग्रीकल्चर कमोडिटी से बनने वाले फूड प्रोडक्ट्स जिनके रेट में बढ़ोतरी होने की आशंका थी, उन पर मिलने वाला टैक्स भी बेहद कम हैं।

उन्होंने कहा कि डेयरी में कंपनियों, खेती, खाद्य प्रसंस्करण को अधिक करों का भुगतान करना होगा। जिसके बाद किसानों को मिलने वाली वृद्धि समाप्त हो जाएगी।

बता दें कि राज्यसभा में जीएसटी पास हो जाने के बाद सरकार अगले वित्त वर्ष से इसे लागू करने जा रही है। जीएसटी आने के बाद राज्य और केंद्र सरकार द्वारा लगाए जाने वाले करों से निजात मिलेगी।

कृषि और किसान कल्याण मंत्री राधा मोहन सिंह ने कहा, "मेरा मानना ​​है कि यह (जीएसटी) हर किसी के लिए फायदेमंद होगा।" बीकेएस चाहती है कि सरकार नवंबर में होने वाले संसद के शीतकालीन सत्र में कृषि और किसानों के मुद्दों पर एक विशेष सत्र बुलाए और जीएसटी पर चर्चा करे।

मिश्रा ने कहा अगर टैक्स कलेक्शन को लेकर कोई ऐसा तरीका निकले जिससे किसानों को दोगूना आय प्राप्त हो, तो यह उनके लिए अच्छा होगा। हम अभी जो देख रहे हैं उसमें किसानों की आय, सिंचाई परियोजनाओं के विस्तार और यहां तक ​​कि राष्ट्रीय कृषि बाजार पर कोई खास असर नहीं दिख रहा।