नहीं बिक पाया किंगफिशर एयरलाइंस का ब्रैंड और ट्रेडमार्क

मुंबई (30 अप्रैल): बैंकों के लगभग 9 हजार करोड़ रुपये लेकर फरार होने वाले विजय माल्या की कंपनी किंगफिशर एयरलाइंस को कर्ज देने वाले 17 बैंकों ने कंपनी के ब्रांड और ट्रेडमार्क की नीलामी की। लेकिन एक बार फिर कोई भी खरीदार नहीं मिला।

बैंक ने इनकी रिजर्व प्राइस 366.70 करोड़ रुपए रखी थी। इसके पहले बैंकों की किंगफिशर हाउस को बेचने की कोशिश नाकाम रही थी। बैंकों की नीलामी में किंगफिशर के लोगो के अलावा 'फ्लाई द गुड टाइम्स' टैग लाइन, फ्लाइंग मॉडल्स, फनलाइनर, फ्लाई किंगफिशर, फ्लाइंग बर्ड डिवाइस को शामिल किया गया था।

बता दें कि एयरलाइंस ने कर्ज लेते समय ट्रेडमार्क को गिरवी रखा था। किंगफिशर ब्रांड का ऑनलाइन ऑक्शन बैंकों के लिए एसबीआई कैप ट्रस्टी कंपनी ने किया। नीलामी की शुरुआत सुबह 11.30 बजे हुई और एक घंटे तक जारी रही। ट्रेडमार्क के लि‍ए 366.70 करोड़ रुपए का रि‍जर्व प्राइस रखा गया। बोली इस रि‍जर्व प्राइज के 10 फीसदी के आसपास भी नहीं पहुंची।

मार्केट एक्सपर्ट्स के मुताबिक, नीलामी में खरीददार का आना मुश्किल है, क्योंकि ब्रांड की मार्केट में वैल्यु कम हो गई है। विजय माल्या किंगफिशर एयरलाइन्स चलाते थे। इस कंपनी का घाटा साल-दर-साल बढ़ता रहा। वे बैंकों से कर्ज लेते रहे। उन पर बकाया कर्ज 9000 करोड़ रुपए तक हो गया। उनके ट्रेडमार्क सीज किए गए। लेकिन पूरी रिकवरी नहीं हो पाई।