कठुआ कांड में बार एसोसिएशन का यू-टर्न, पीड़ित परिवार की मदद की मांग

जम्मू (14 अप्रैल): कठुआ में 8 साल की बच्ची के साथ हुई दरिंदगी के मामले में नया मोड़ आ गया है। अबतक इस मामले में आरोपों के घेरे में रहा बार एसोसिएशन अब अपने रूख से पलट गया है। बार एसोसिएशन की तरफ से एक चिट्ठी सामने आई है जिसमें उसने पीड़ित परिवार को लिए मुआवजा और सुरक्षा की मांग की है।

गौरतलब है कि इस मामले में हिंदू एकता मंच और जम्मू बार काउंसिल एसोसिएशन की भूमिका को लेकर लोगों में जबर्दस्त गुस्सा है। एसोसिएशन पर हैवानों के साथ खड़े होने के गंभीर आरोप हैं। लेकिन मामले के तूल पकड़ने पर अब उसने यू-टर्न ले लिया है। बार एसोसिएशन के अध्यक्ष बीएस सथालिया के नाम से इस बात की चिट्ठी जारी की गई है जिसमें सरकार से पीड़ित परिवार की मदद करने की मांग की गई है। जबकि इससे पहले सथालिया समेत वकीलों के एक धड़े पर आरोपियों का साथ देने के आरोप हैं। 

इससे पहले 11 अप्रैल को सथालिया पर आरोपियों के पक्ष में प्रदर्शन के दौरान विवादित बयान देने का आरोप लगा था। उन्होंने कहा था कि अभी तो जम्मू के युवाओं के हाथ में तिरंगा है और मजबूर मत करो इनके हाथ में एके 47 भी हो सकता है। राज्य के वन मंत्री रहते लाल सिंह और उद्योग मंत्री रहते चंद्रप्रकाश गंगा भी हिंदू युवा मंच और बार एसोसिएशन के साथ खड़े दिखाई पड़े थे। 

हालांकि मामले के तूल पकड़ने के बाद अब हर कोई खुद को पाक साफ साबित करने की कोशिशों में जुटा है। लाल सिंह और चंद्रप्रकाश गंगा को मंत्री पद से इस्तीफा तक देना पड़ा है। न्यूज़ 24 से खास बातचीत में इस मुद्दे पर लाल सिंह के साथ ही जम्मू-कश्मीर विधानसभा के अध्यक्ष कविंद्र गुप्ता ने भी अपना पक्ष रखा। 

कठुआ में मासूम बच्ची के साथ हुई बर्बरता को लेकर जम्मू-कश्मीर क्राइम ब्रांच ने 8 आरोपियों के खिलाफ 15 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है। अब देश भर से बच्ची के गुनहगारों को सख्त से सख्त सजा देने की मांग की जा रही है। लेकिन जिस तरह से दरिंदगी के इस मामले को मजहबी रंग में रंगने की कोशिश की गई उसने इंसानियत को शर्मसार करके रख दिया है।