काशी विश्वनाथ का रोज दर्शन करने के लिए जेब करनी होगी ढीली

नई दिल्ली ( 11 मई ): द्वादश ज्योर्तिलिंगों में प्रसिद्ध काशी विश्व नाथ का नियमित दर्शन करने वाले श्रद्धालुओं को अब अपनी जेब ढीली करनी होगी। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर न्यास परिषद ने इसके लिए शुल्क निर्धारित कर दिया है। शुल्क देने वालों को मंदिर प्रबंधन की ओर से स्मार्ट कार्ड जारी किया जाएगा।


काशी विश्विनाथ मंदिर में भोर की मंगल आरती से लेकर पूरे दिन बड़ी संख्या में बनारस में रहने वाले लोग नियमित दर्शन करने आते हैं। इसके अलावा देश-विदेश से आने वालों की संख्या भी हजारों में है। रोज दर्शन करने वालों को बिना लाइन में लगे सालभर दर्शन की सुविधा पाने के लिए अब 3100 रुपये मंदिर कोष में जमा करना होगा। इस संबंध में गुरुवार को मंदिर के मुख्य कार्यपालक अधिकारी श्याम नारायण त्रिपाठी ने आदेश जारी किया।


मुख्य कार्यपालक अधिकारी के मुताबिक दैनिक दर्शन के लिए स्मार्ट कार्ड या फिर पास जारी करने का निर्णय पिछले दिनों न्यास परिषद की बैठक में लिया गया था। इसी के तहत इच्छुक श्रद्धालुओं से 30 मई तक आवेदन मांगे गए हैं। किसी भी कार्य दिवस में मंदिर के सरस्वती फाटक कार्यालय में आवेदन जमा किए जा सकेंगे। जांच कराए जाने के बाद शुल्क जमा कराकर स्मार्ट कार्ड जारी किए जाएंगे। स्मार्ट कार्ड धारक बिना रोक-टोक के दर्शन करने जा सकेंगे।


विश्वानाथ मंदिर में अभी तक नियमित मंगल आरती-भोग के अलावा सावन के सोमवार और महाशिवरात्रि के दिन के ही टिकट मंदिर प्रबंधन जारी करता रहा है। नियमित दर्शन को बिना शुल्क के कार्ड जारी किए गए थे। यह पहला मौका है जब नियमित दर्शनार्थियों से भी शुल्क वसूला जाएगा। खबरों के मुताबिक न्यास परिषद ने मंदिर की आय बढ़ाने के लिए ऐसा निर्णय लिया है।