'दिल्ली में जंगलराज, जो खुद को बचा सकता है, वह बचा ले'

नई दिल्ली (20 मई): दिल्ली पुलिस में अतिरिक्त भर्ती करने के मामले में दिल्ली हाईकोर्ट ने कहा कि केंद्र और दिल्ली सरकार समस्या को लेकर गंभीर नहीं हैं। दिल्ली में जंगलराज के हालात हैं। जो खुद को बचा सकता है, वह बचा ले।

हाईकोर्ट ने दिल्ली पुलिस को आड़े हाथों लेते हुए जमकर फटकार लगाई है। कोर्ट ने कहा कि नयी भर्ती के लिए पुलिस विभाग के पास बजट नहीं है तो हमें बता दे ताकि इस मसले पर सुनवाई ही बंद कर दिया जाए। साथ ही यह भी बताया जाए कि कितने पद रिक्त हैं। 

कोर्ट ने फोरेंसिक लैब में पेंडिंग मामलों को लेकर केजरीवाल सरकार पर भी तल्ख टिप्पणी की है। कोर्ट ने केजरीवाल सरकार से कहा कि फोरेंसिक लेब में पड़े केसों में क्या हुआ है, बताए। इसके बाद दिल्ली सरकार ने कहा कि एफएसएल में 11000 केस पेंडिंग हैं।

केंद्र ने बताया कि दिल्ली पुलिस में भर्ती के लिए वित्त मंत्रालय को देना है। हालांकि हाईकोर्ट ने कहा कि गृह मंत्रालय और वित्त मंत्रालय के रवैये से यह साफ है कि केंद्र इसे लकर गंभीर नहीं है। इसलिए केंद्र बताए कि कोर्ट को इसके लिए कब तक इंतजार करना पड़ेगा। 

केंद्र को और दिल्ली सरकार को अपने जवाब 27 मई को होने वाले सुनवाई में पेश करना होगा। बता दें कि दिल्ली में हुए 16 दिसंबर गैंगरेप के केस में हाईकोर्ट ने खुद संज्ञान लेते हुए महिलाओं की सुरक्षा के मद्देनजर सुनवाई शुरू की थी।