आंगनबाड़ी में काम करती है JNU छात्र संघ अध्यक्ष की मां!

नई दिल्ली(13 फरवरी): आतंकी अफजल गुरु को फांसी दिए जाने के विरोध में जेएनयू में आयोजित किए गए कार्यक्रम के बाद दिल्ली पुलिस ने शुक्रवार को छात्र संघ अध्यक्ष कन्हैया कुमार को गिरफ्तार कर लिया।

आइए जानते हैं कन्हैया कुमार कौन है और कैसे यहां तक पहुंचे

कन्हैया कुमार के दो भाई और एक बहन हैं। मां का नाम मीणा देवी और पिता का नाम जयशंकर सिंह है। बड़े भाई मणिकांत सिह प्राइवेट नौकरी करते हैं। छोटा भाई प्रिंस कुमार पीजी की पढ़ाई पूरी कर एमफिल कर रहा है।  JNU छात्र संघ के अध्यक्ष कन्हैया कुमार इंटरनेशनल स्टडीज विभाग (SIS) से अफ्रीकन स्टडीज में पीएचडी कर रहे हैं। कन्हैया बिहार में बेगुसराय के रहने वाले हैं। JNU से पहले वो पटना विश्विद्यालय के छात्र थे। वह एक ग्रामीण और मध्यमवर्गीय पृष्ठभूमि से आते हैं।  उनकी मां आंगनबाड़ी में काम करती हैं। कन्हैया ने प्राथमिक विद्यालय मसनदपुर में कक्षा चार तथा पांचवीं से आठवीं तक की पढ़ाई बीहट रतनपुर चौक स्थित सनराइज पब्लिक स्कूल से पूरी की। आरकेसी स्कूल बरौनी से आठवीं से दसवीं तक की पढ़ाई की। 

कन्हैया का नाम पिछले साल तब सुर्ख़ियों में आया जब छात्र संघ चुनाव में उन्होंने AISF की तरफ से अध्यक्ष का चुनाव जीता। उन्हें लगभग 1000 वोट मिले और उन्होंने एक अन्य वामपंथी संगठन AISA के उम्मीदवार को बेहद नजदीकी मुकाबले में मात दी.।

अहम बात ये रही कि 2015 में AISF ने केवल अध्यक्ष का चुनाव ही लड़ा और पहली बार JNU छात्र संघ में AISF का कोई उम्मीदवार अध्यक्ष चुना गया। पिछले दिनों में दिल्ली में UGC के खिलाफ आंदोलन से लेकर बिहार चुनाव में वामपंथी उम्मीदवारों के लिए प्रचार और हैदराबाद विश्विद्यालय में रोहित वेमुला के लिए शुरू हुए आंदोलन में वो सक्रिय रहे हैं।

AISF भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी CPI का छात्र संगठन है। CPI के वरिष्ठ नेता अतुल अंजान ने जब पिछले साल विज्ञापनों की कथित अश्लीलता के मामले में सनी लियोनी पर टिपण्णी की थी तब कन्हैया ने अपने नेता के खिलाफ ही मोर्चा खोल दिया था। हालांकि JNU में अफजल गुरु के समर्थन में आयोजित कार्यक्रम के दौरान लगे राष्ट्र विरोधी नारों के मामले में उन्हें पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।