डोकलाम से डरे जिनपिंग-पार्टी में मतभेद, वर्क रिपोर्ट से हटाया मुद्दा

नई दिल्ली (18 अक्टूबर): चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग कम्युनिस्ट पार्टी के पंचवर्षीय कांग्रेस में अपनी वर्क रिपोर्ट पेश करेंगे। हालांकि कहा जा रहा है कि इस रिपोर्ट में वह शायद ही डोकलाम विवाद की चर्चा करेंगे। कांग्रेस में इस मुद्दे को उठाने पर पार्टी में मतभेद उभरने का डर है। डोकलाम में भारत के साथ चली चीन की तनानती शी के पहले कार्यकाल की बड़ी घटना रही है। तीन साल पहले चीनी सेना पीपल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) में सुधार की प्रक्रिया शुरू करने के बाद चीनी सेना की सीमा पर यह बड़ी तनानती रही।

वर्क रिपोर्ट में आम तौर पर पार्टी के प्रदर्शन और देश के अंदर शासन तथा दुनिया के साथ संबंधों के बारे में चर्चा की जाती है। इस रिपोर्ट में डोकलाम की चर्चा करना या नहीं करना पार्टी के लिए अहम निर्णय होगा क्योंकि राजनीतिक प्रतिष्ठानों में सेना की अहम भागीदारी है। पीएलए की पार्टी की सर्वशक्तिमान 7 सदस्यीय पोलित ब्यूरो स्टैंडिंग कमिटी में दो सीट है। कम्युनिस्ट अधिकारियों ने 90 मिनट तक पत्रकारों को पार्टी कांग्रेस में चर्चा की जाने वाली अहम मुद्दों के बारे में जानकारी दी, लेकिन इसमें डोकलाम विवाद की जानकारी नहीं दी गई। ऐसे संकेत मिल रहे हैं कि पार्टी लीडरशिप डोकलाम मुद्दे पर बड़ी बहस नहीं चाहता है क्योंकि इससे पार्टी में भी मतभेद के स्वर उभर सकते हैं। पार्टी का एक धड़ा का मानना है कि सेना को इस बारे में कम बोलने दिया गया और राजनयिकों को भारत से फैसले करने की आजादी दी गई।