किक्रेटर जसप्रीत बुमराह के दादा बदहाल जिंदगी जीने को मजबूर

किच्छा (4 जुलाई): भारतीय किक्रेट टीम के तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह के दादा संतोख सिंह उधम सिंह नगर के किच्छा में बदहाल जिन्दगी बिताने के लिए मजबूर हैं। अहमदाबाद के तीन कारखानों के मालिक 84 वर्ष के संतोख सिंह बुमराह इन दिनों आर्थिक तंगी से गुजर रहे है। संतोख सिह बुमराह मूलरुप से अहमदाबाद के रहने वाले है।

अहमदाबाद मे उनके फैब्रीकेशन के तीन कारखाने थे। जसप्रीत के पिता जसवीर सिंह ने 1988 मे अपनी अलग फैक्ट्री खोल ली थी और अलग रहने लगे थे। 2001 में पीलिया की वजह से जसवीर सिह का निधन हो गया था। निधन के बाद जसप्रीत की मम्मी टीचर बन गई और वो अहमदाबाद में ही रहने लगीं। 2006 मे जसप्रीत के दादा जी उधम सिह नगर के किच्छा मे आ गए। 

उन्होंने टैम्पों चलाने का नया कारोबार शुरु किया। कुछ समय तक काम अच्छा चला बाद में आर्थिक स्थति खराब होने की वजह से तीन टैम्पों को बेचना पड़ा। अब जसप्रीत के दादा संतोख सिह व चाचा जसविन्दर सिंह की हालत बेहद खराब है।

वहीं जसप्रीत की दादी का 2010 मे निधन हो गया था। काफी समय से जसप्रीत की बुआ अपने पिता व भाई का खर्चा उठा रहीं हैं। जसप्रीत बुमराह के दादा पुराने स्कूटर पर चलते है। दादा संतोख का कहना है कि अब बस आखिरी इच्छा के तौर पर अपने पोते को गले लगाना चाहता हूं।