ISI के मिशन हनीट्रैप का खुलासा, युवक को बनाया निशाना

नई दिल्ली (18 अप्रैल): पाकिस्तानी इंटेलिजेंस एजेंसी आईएसआई के मिशन हनीट्रैप का खुलासा हुआ है। रोहतक पुलिस ने इस मामले में गौरव नाम के एक युवक को गिरफ्तार किया है। गौरव पर आरोप है कि उसने आईएसआई की महिला एजेंटों को भारत के संवेदनशील स्थानों के 18 वीडियो भेजे।

गौरव रोहतक के एक कोचिंग सेंटर में भारतीय सेना में भर्ती के लिए कोचिंग ले रहा है। इसी दौरान गौरव से पाकिस्तान मूल की 2 लड़कियां फेसबुक के जरिए संपर्क में आईं। करीब साल भर पहले सोनीपत निवासी गौरव शर्मा को फेसबुक पर इन लड़कियों की फ्रेंड रिक्वेस्ट मिली। अमिता आहलुवालिया और सोनू कौर नाम की लड़कियों से उसकी दोस्ती हो गई।

गौरव ने लड़कियों के सामने खुद को सेना का अफसर बताया। इसके बाद लड़कियों ने उससे सेना की जानकारियां लेनी शुरू कर दीं। जानकारी की एवज में लड़कियों ने गौरव को 10 लाख रुपए का लालच दिया। आरोपी गौरव ने नवंबर 2017 से लड़कियों के कहने पर सेना से जुड़ी कई जानकारी फोटो समेत शेयर कीं। नवंबर से मार्च के अंत तक वो नासिक, भोपाल और सिकंदराबाद में हुई सेना भर्तियों में पहुंचा था। वहां उसने वीडियो कॉलिंग कर अमिता और सोनू को भर्ती का पूरा प्रोसेस लाइव दिखाया था। गुपचुप खिंची गई तस्वीरें भी उसने उनके साथ शेयर कीं।

इसके अलावा उसने हिसार सैनिक छावनी और रोहतक समेत कई जिलों के बड़े संस्थानों के बारे में भी अहम इनपुट दिए। मंगलवार को गौरव चेन्नई में होने वाली सेना भर्ती में शामिल होना चाहता था। वहां से कई अहम जानकारी जुटा कर आईएसआई एजेंटों को भेजनी थी, लेकिन उससे पहले ही वो गिरफ्तार हो गया। शुरुआती जांच में लड़कियों की लोकेशन दुबई में मिली है, जहां गौरव कोचिंग लेता था वो भी गौरव की कारस्तानी से हैरान हैं। गौरव से पूछताछ जारी है। गौरव के पिता भी सेना में ही बताए जा रहे हैं।