बड़ा खुलासा- पाकिस्तान ने रची थी कानपुर रेल हादसे की साजिश, पकड़ा गया ISI एजेंट शमशुल होदा

डॉ. संदीप कोहली,

नई दिल्ली (07 फरवरी):  पिछले साल कानपुर में हुए रेल हादसे में भारत की जांच एजेंसियों को बड़ी सफलता हाथ लगी है... हादसे के मुख्य साजिशकर्ता शमशुल होदा को नेपाल की राजधानी काठमांडू से गिरफ्तार कर लिया गया है... गौरतलब है कि 20 नवंबर 2016 को कानपुर ट्रेन हादसे में लगभग 150 लोगों की मौत हुई थी जबकि 180 लोग घायल हुए थे... जांच के दौरान भारतीय एजेंसियों को साजिश के अहम सबूत मिले थे... सबूतों से साबित हुआ कि इस घटना को अंजाम शमशुल ने ही दिया था... खुफिया एजेंसियों को शक है कि शमशुल ने भारत में कई और ट्रेन हादसों को भी अंजाम दिया है... शमशुल पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI का नेपाल चीफ है... ISI के निर्देश पर दुबई में बैठकर नेपाल से भारत आतंकी गतिविधियों को संचालित करता रहा है... इसके अलावा अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम के इशारे पर भारत में नकली नोटों का गौरखधंधा भी चलाता रहा है... ISI के इशारे पर दुबई से ही उसने भारत की ट्रेनों को निशाना बनाने की साजिश रची... इसके लिए उसने भारत से लेकर नेपाल तक एक पूरा नेटवर्क भी बनाया था... रिपोर्ट के मुताबिक मगंलवार को भारत की खुफिया एजेंसियों और नेपाल के दबाब के बाद होदा को दुबई से काठमांडू लाया गया... जहां भारतीय खुफिया एजेंसियों आईबी, रॉ और एनआईए ने उसे अपनी गिरफ्त में ले लिया है... शमशुल होदा के गिरफ्तार हो जाने के बाद मामले की परत दर परत खुल जाएगी...  

कैसे हुआ खुलासा...

    *बिहार पुलिस पूर्वी चंपारण के घोड़ासहन में 1 अक्टूबर 2016 को रेलवे ट्रैक पर मिले बम के मामले की जांच कर रही थी।

    *जांच के दौरान इस मामले में मोती पासवान नामक व्यक्ति को साजिश के शक में गिरफ्तार किया गया।

    *पुलिस की गिरफ्त में आया मोती पासवान पूर्व चंपारण के आदापुर थाना के बखरी गांव का रहने वाला है।

    *मोती पासवान के खिलाफ पूर्वी चंपारण, शिवहर और सीतमढ़ी में कुल 14 के करीब लूट और हत्या के मामले दर्ज हैं।

    *मोती के अलावा बिहार पुलिस ने मोतिहारी से उमाशंकर पटेल और मुकेश यादव को भी गिरफ्तार किया था।

    *मोती पासवान ने पूछताछ में यह सनसनीखेज खुलासा किया कि दुबई में बैठा एक शक ये सारी साजिश रच रहा है।

    *ये शक नेपाली कारोबारी शमसुल होदा था, उसने नेपाल के कुख्यात अपराधी ब्रजकिशोर गिरी के जरिये सब कराता है।

    *मोती से पूछताछ के आधार बिहार पुलिस के कहने पर नेपाल पुलिस ने ब्रजकिशोर गिरी को गिरफ्तार किया।

    *ब्रजकिशोर गिरि उर्फ बाबा नेपाल का गैंगस्टर है जो ISI के नेपाल चीफ शमशुल होदा का राइट हैंड है।

    *ब्रिजकिशोर गिरी के फोन से एक ऑडियो क्लिप मिला था इसमें कानपुर रेल हादसे की साजिश की बातचीत थी।

    *ब्रिजकिशोर ने पुलिस पूछताझ में खुलासा किया कि शमसुल ने दुबई से पैसे भेजता था।

    *इसी पैसे से वो लोकल अपराधियों के जरिए रेलवे ट्रैकों पर बम रखवाया करता था।

    *उसने घोड़ासहन के रेलवे ट्रैक पर बम रखने का काम दो लोकल लड़कों अरुण राम और दीपक राम को दिया।

    *अरुण राम और दीपक राम दोनों मोती पासवान के गांव के रहने वाले थे।

    *अरुण और दीपक को ही घोड़ासहन के रेलवे ट्रैक पर बम रखने के लिए तीन लाख रुपये दिये गये थे।

    *लेकिन जब बम नहीं फटा तो दोनों को नेपाल में बुलाकर ब्रजकिशोर ने मार डाला।

    *दोनों की हत्या का मोबाइल से वीडियो बनाकर ब्रजकिशोर ने दुबई में शमशुल होदा को भेजा।

कौन है शमशुल होदा...

    *शमशुल होदा नेपाल का रहनेवाला है जो दुबई में काला कारेाबार करता है।

    *अंडरवर्ल्ड डॉन दाऊद इब्राहिम के इशारे पर नकली करंसी और वीजा का धंधा करता है।

    *शुमशुल का नेपाल में एक रेडियो स्टेशन भी है।

    *यही नहीं वो नेपाल से चुनाव भी लड़ चुका है।

    *शमशुल पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI का नेपाल चीफ है।

    *शमशुल नेपाल से भारत में आतंकी गतिविधियों को संचालित करता रहा है।

    *नकली करेंसी,हथियार और ड्रग्स भारत में अवैध तरीके से भेजता रहा है।

रेल हादसे के पीछे पाक खुफिया एजेंसी ISI का हाथ...    *ISI एजेंट शमसुल होदा ने नेपाल पुलिस के सामने कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं।    *होदा ने बताया कि भारत में रेल हादसों की साजिश के लिए उसे पाकिस्तान से निर्देश मिले।    *भारत में खासकर बिहार में ट्रेनों और रेलवे स्टेशनों को निशाना बनाया जाना था।    *रेल पटरियों को बम धमाकों से उड़ाकर ज्यादा से ज्यादा नुकसान पहुंचाने का आदेश मिला था।    *ISI ने पीओके में घुसकर सर्जिकल स्ट्राइक किए जाने के जवाब में यह साजिश रची थी।    *मोतिहारी से  मोती पासवान के साथ गिरफ्तार उमाशंकर पटेल ने यह खुलासा किया था।    *उमाशंकर ने बताया सर्जिकल स्ट्राइक के तुरंत बाद ब्रजकिशोर गिरी ने ऐसा करने को कहा था।    *ब्रजकिशोर गिरी ने अपनी टीम को इसका बदला लेने के लिए कुछ करने को कहा था।

ISI आतंकी घटनों को अंजाम देने के लिए कर रही है आउटसोर्सिंग...

    *इस खुलासे से यह बिलकुल साफ हो गया है कि ISI अब आतंकी घटनों को अंजाम देने के लिए आउटसोर्सिंग कर रही है।

    *आतंकी घटनाओं को अंजाम दिलाने के इस नए ट्रेंड से खुफिया एजेंसियां भी सकते में हैं।

    *चंद रुपयों खातिर बिहार के लोकल अपराधी ISI के इन एजेंटों के झांसे में आ जाते है।