IPL 2018: कप्तानों की इन आदतों से खुश नहीं हैं गावस्कर, अंपायरों से की ये मांग

नई दिल्ली(17 अप्रैल): पूर्व भारतीय कप्तान सुनील गावस्कर ने आईपीएल के 11वें सीजन पर अपनी राय जाहिर की है। गावस्कर ने एक अंग्रेजी अखबार के लिए लिखे अपने कॉलम में गेंदबाजों और बल्लेबाजों की तारीफ की। वहीं अंपायर्स की कुछ आदतों से असहमति भी जताई।

गावस्कर ने अपने कॉलम में लिखा कि,’इस आईपीएल सीजन में पिच की भूमिका बेहद अ​हम रही है। सभी पिच ‘टॉप क्लास’ की हैं, जिन पर क्रिकेट के किसी भी फॉर्मेट के मैच खेले जा सकते हैं। गेंदबाजों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया है जबकि बल्लेबाजों ने भी मैच में जोरदार शॉट्स लगाए हैं।’

आगे क्रिकेट के तेज फॉर्मेट की पैरवी करते हुए गावस्कर ने आगे लिखा कि,’ टी—20 में दिल को छू जाने वाले ऐसे कई मौके आए हैं, जो क्रिकेट फैन्स के दिलों को छूने में कामयाब रहे हैं। ऐसी ही कई वजहों ने आईपीएल को उन दर्शकों के लिए भी खास बनाया है जो सब कुछ फास्ट फॉरवर्ड में देखना चाहते हैं।’

सुनील गावस्कर ने आईपीएल में खिलाड़ियों के प्रदर्शन की जमकर तारीफ की। उन्होंने लिखा कि,’ आईपीएल में तेज बॉलिंग, टॉप क्लास की स्पिन बॉलिंग, आक्रामक बल्लेबाजी के अलावा कई क्रिएटिव शॉट्स भी खेले गए हैं। आक्रामक खेल ने दर्शकों को, फिर चाहें वो मैदान में हों या फिर टीवी के सामने, खूब रोमांचित किया है। पिच का टॉप क्लास होना भी क्रिकेट की क्वालिटी सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।’

गावस्कर ने अपने कॉलम में जहां आईपीएल की तमाम खूबियों के बारे में लिखा है। वहीं कुछ कमियों की ओर भी इशारा किया है। गावस्कर ने लिखा है कि,’ मैच के दौरान कप्तान के रवैये के कारण ओवररेट पर फर्क पड़ता है। कप्तान अपनी रणनीति बनाने के लिए जरूरत से ज्यादा समय का इस्तेमाल करते हैं। आईपीएल में कुछ कप्तान भी इसके लिए रवि आश्विन और दिनेश कार्तिक के साथ जिम्मेदार हैं।’