जानें, टीम इंडिया के कोच अनिल कुंबले के बारे में कुछ दिलचस्प बातें

नई दिल्ली(24 जून): दिग्गज स्पिनर अनिल कुंबले को टीम इंडिया का हेड कोच चुन लिया गया है। कुंबले भारत के सबसे सफल गेंदबाज हैं। बतौर लेग स्पिनर उन्होंने पूरी दुनिया में नाम कमया। सचिन तेंदुलकर, सौरभ गांगुली और लक्ष्मण के साथ खेलते हुए उन्होंने भारतीय टीम को कई मैच जितवाए, इन्हीं तीन खिलाड़ियों ने टीम इंडिया के कोच के रूप में कुंबले के नाम मोहर लगाया।

कुंबले मानते हैंं कि 'हर सफल शुरुआत का एक हिस्सा चुनौती है, उसे आलिंगन कीजिए, स्वीकार कीजिए और उस पर काम करने के लिए प्रतिबद्ध रहिए'। आपको बता दें 16 साल बाद किसी भारतीय को टीम इंडिया की कोचिंग की जिम्मेदारी सौंपी गई है। 

अनिल कुंबले ने अपने ट्विटर अकाउंट पर एक तस्वीर साझा किया है, जिसमे उन्होंने लिखा कि इस तस्वीर ने उन्हें आगे बढ़ने मनोबल दिया। कुंबले लिखते हैं कि यह तस्वीर उनके दिल के करीब है। इस तस्वीर में कुंबले एक शील्ड और बल्ले के साथ बैठे दिख रहे हैं। उन्होंने यह बल्ला शिवचरण लाल ट्रॉफी के दौरान जीता था।

इस तस्वीर को कुंबले ने अपने फेसबुक पेज पर भी शेयर किया है और इस तस्वीर को देखने के बाद कर्नाटक के तरफ से खेलने वाले पूर्व क्रिकेटर राजेश कामथ ने भी लिखा कि वह कुंबले से यह बल्ला उधार लेकर प्रैक्टिस करते थे।

अनिल कुंबले का क्रिकेटिंग करियर 9 अगस्त 1990 को इंग्लैंड के खिलाफ मैंचेस्टर मैदान पर शुरू हुआ। कुंबले ने करियर का पहला विकेट ऐलेन लैंब को आउट कर लिया। इस मैच में कुंबले ने 60 ओवर गेंदबाज़ी करते हुए तीन विकेट हासिल किए थे। ये तीनों विकेट कुंबले ने पहली पारी में लिए थे। दूसरे पारी में उन्हें कोई विकेट नहीं मिल पाया। इसके बाद दूसरे और तीसरे टेस्ट में भी कुंबले को तीन-तीन विकेट मिले और ये सारे ही विकेट उन्होंने पहली पारी में ही झटके।

अनिल कुंबले ने करियर के चौथे टेस्ट मैच में दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ आठ विकेट लेकर खुद पर भरोसा कायम किया। इस मैच की दूसरे पारी में कुंबले ने छह विकेट झटके थे। कुंबले पहले दस टेस्ट में तीन बार आठ विकेट लिए थे।

एक पारी में सारे दस विकेट का लेने का कारनामा

दिल्ली के फ़िरोज़ शाह कोटला मैदान पर 4 फरबरी 1999 को पाकिस्तान के खिलाफ हुए टेस्ट मैच में कुंबले ने कुल 14 विकेट लिए थे। यह उनके करियर का सबसे शानदार प्रदर्शन था, जिसमें कुंबले ने पारी की सभी दस विकेटें झटकने का गौरव हासिल किया।