सेलरी मांगने पर सऊदी अरब में 29 भारतीय वर्कर्स को बंधक बनाया


नई दिल्ली (24 मार्च): सऊदी अरब में बंधक 29 भारतीय कामगारों को बंधक बना लिया गया है। भारत सरकार ने सूचना मिलते है सभी बंधक भारतीयों को मुक्त कराने के प्रयास शुरु कर दिये हैं। ऐसी भी सूचना है कि बंधक बनाये गये इन भारतीयों को कई दिनों से भोजन और आवश्यक दवाएं भी नहीं दी गयी हैं। भारतीय विदेश मंत्री सुषमा स्वराज ने सऊदी अरब में फंसे तेलंगाना के 29 कामगारों की सुरक्षित रिहाई के लिए कार्यवाही आरंभ कर दी है।  जिन 29 भारतीय कामगारों की स्वतंत्रता के लिए भारतीय विदेशमंत्री ने कार्यवाही आरंभ की है उनके बारे में कहा जा रहा है कि वे पिछले 12 दिनों से भूखे हैं।


तेलंगाना के एनआरआई मामलों के मंत्री केटी रामाराव ने एक चिट्ठी लिखकर सऊदी की एक कंपनी में बंधक बनाकर रखे गए 29 कामगारों की सुरक्षित रिहाई कराए जाने में सुषमा स्वराज से मदद मांगी थी। चिट्ठी में रामाराव ने लिखा है कि तेलंगाना राज्य के 29 कामगारों को सऊदी अरब में पिछले 12 दिनों से बंधक बनाकर रखा गया है।  इन कामगारों को भोजन और जरूरी सुविधाओं से वंचित रखा जा रहा है। उन्हें 12 दिनों से भूखा-प्यासा रखा गया है।  रामाराव के अनुसार जब भारतीय कामगारों ने अपने शहर जाने के लिए छुट्टियां मांगीं तो उनसे 50,000 डॉलर मांगे गए।  जिस सऊदी कंपनी में यह भारतीय काम करते हैं उन्हें यात्रा खर्च देने से भी इंकार कर दिया गया। इसके बाद न्याय के लिए कामगारों ने लेबर कोर्ट और आमिर कोर्ट का रुख किया। भारतीय विदेशमंत्री सुषमा स्वराज ने सऊदी में भारतीय राजदूत अहमद जावेद को आदेश जारी किया है कि वे इन भारतीय कामगारों की रिहाई के लिए कार्रवाई करें।