यूएन में भारत का ऐतिहासिक भाषणः कतार में थे सुषमा को बधाई देने वाले देश

नई दिल्ली (26 सितंबर): संयुक्त राष्ट्र महा सभा में विदेश मंत्री ने प्रधानमंत्री मोदी की अपेक्षाओं पर खरी उतरी हैं। उनके संबोधन को दुनिया के नेताओं ने हाथों-हाथ लिया है।

- अब तक के इतिहास पहली बार ऐसा हुआ कि किसी देश के विदेश मंत्री के संबोधन के बाद दुनिया भर के नेताओँ ने लाइ में लग कर बधाई दी हो।

- यूएन  वार्षिक संबोधन पूरा करने के बाद जैसे ही भारतीय विदेश मंत्री सुषमा स्वराज हॉल से बाहर आयीं तो उनको बधायी देने के लिए विश्व के तमाम देशों के  विदेश और वित्त मंत्री लाईन में खड़े थे।

- सबसे आगे ओमान के वित्त मंत्री अलावी थे।

- हालांकि, सुषमा स्वराज के बहाने भारत को मिली तबज्जोह पाकिस्तान को बिल्कुल भी रास नहीं आयी है।

- सुषमा  के संबोधन के बाद सबसे पहली प्रतिक्रिया यूएन में पाकिस्तान की स्थाई प्रतिनिधि मलीहा लोधी की थी।

- मलीहा लोधी परंपरागत शब्दों में आरोपों को नकारने के सिवाय कुछ और न बोल सकीं।

- पाकिस्तानी हुकमरानों की तरह मलीहा लोधी के चेहरे पर भी हताशा के भाव थे।

- दूसरी प्रतिक्रिया पाकिस्तानी प्रधानमंत्री के विदेश मामलों के सलाहकार सरताज अजीज की थी। 

- उन्होंने कहा कि पाकिस्तान के अलग-थलग करने के भारत के प्रयास बुरी तरह असफल हुए हैं।

- हालांकि, कुछ विशेष देशों के एक संगठन का नाम लेने के सिवाय उनके पास भी कुछ नहीं था।