पाक की उम्मीदों को भारत का झटका, आस्ताना में नवाज से नहीं मिलेंगे मोदी

नई दिल्ली (17 अप्रैल): कुलभूषण जाधव के मुद्दे पर तनाव बढ़ने के बाद पाकिस्तान अब भारत पर बातचीत के लिए प्रेशर बनाने की कोशिश कर रहा है, लेकिन भारत में मौजूदा हालात में बातचीत की संभावना नहीं देखी जा रही है। पाकिस्तानी मीडिया में इस तरह की खबरें आ रही हैं कि जून में जब भारत और पाकिस्तान के पीएम शंघाई सहयोग संगठन की बैठक के लिए कजाकिस्तान के अस्ताना में आमने-सामने होंगे तो अलग से मुलाकात कर सरप्राइज दे सकते हैं।


शंघाई सहयोग संगठन में रूस, चीन और मध्य एशिया के देश हैं। इस संगठन में पहली बार भारत और पाकिस्तान को पूर्ण सदस्यता देने की तैयारी है। रिपोर्ट्स में राजनयिक सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि संगठन के ताकतवर देश (रूस और चीन) भारत और पाक पर बातचीत के लिए दबाव बना रहे हैं। यहां राजनयिक सूत्रों ने इस तरह की रिपोर्ट्स को खारिज किया है। उनका कहना है कि भारत और पाकिस्तान के बीच बातचीत में तीसरे पक्ष की भूमिका नहीं हो सकती है। 


जून में अस्ताना में क्या होगा, इस बारे में अभी गलत प्रचार की कोशिश हो सकती है। भारत ने हाल में संकेत दे दिया है कि वह किसी दबाव में नहीं है। जाधव का केस सामने होने के बावजूद दोनों देशों के बीच समुद्री सुरक्षा के लिए 17 अप्रैल को प्रस्तावित मीटिंग टल गई। भारत कहता रहा है कि जब तक माहौल आतंकवाद और हिंसा से मुक्त न हो, बातचीत नहीं सकती।