बौखलाए चीन ने कहा, भारत को जवाब देने की ताकत रखता है एटमी पावर से लैस पाक

नई दिल्ली ( 7 फरवरी): पाकिस्तान का मित्र चीन को कुछ ज्यादा ही आज कल उसकी चिंता सता रही है, क्योंकि चीनी मीडिया का कहना है कि कि परमाणु शक्ति से लैस पाकिस्तानी सेना हमले की स्थिति में भारत को जवाब देने की क्षमता रखती है। टॉप स्ट्रैटेजिक एनालिस्ट के हवाले से चीनी मीडिया ने कहा कि भारत में कोल्ड स्टार्ट के वजूद में होने के बावजूद पाक सेना इतनी मजबूत है कि अपने देश की हिफाजत कर सके। बता दें कि कोल्ड स्टार्ट सिद्धांत भारतीय सेना ने पाकिस्तान के खिलाफ संभावित युद्ध को ध्यान में रखकर डेवेलप किया है।

हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान आर्मी चीफ बिपिन रावत ने कोल्ड स्टार्ट सिद्धांत के वजूद में होने की बात पर मुहर लगाई थी। आर्मी चीफ के इंटरव्यू पर चीन ने रिएक्शन दिया। शंघाई इंस्टीट्यूट फॉर इंटरनेशनल स्टडीज में सेंटर फॉर एशिया-पैसेफिक स्टडीज के डायरेक्टर जाओ गेंचेंग ने कोल्ड स्टार्ट पॉलिसी को लेकर चीन के ग्लोबल टाइम्स से बात की।

ग्लोबल टाइम्स के मुताबिक, जाओ ने कहा कि कोल्ड स्टार्ट पॉलिसी की बदौलत दिल्ली अक्सर इस बात की संभावना जताता है कि युद्ध की स्थिति में पाकिस्तान पर एकतरफा जीत होगी, लेकिन ऐसा नहीं है। जाओ ने कहा, "बिपिन रावत ने अपने इंटरव्यू में जिस तरह के कमेंट किए हैं, उससे भारत और पाकिस्तान के बीच तनाव बढ़ेगा।" "ऐसे समय में जब यूएस के प्रेसिडेंट का पद डोनाल्ड ट्रम्प ने संभाला है और अमेरिका की विदेश नीति अभी अनिश्चत है, ये बयान तनाव बढ़ाएंगे।

जाओ ने कहा, "पाकिस्तान पर टेररिज्म के प्रोडक्शन का आरोप, कश्मीर में हुए टेरर अटैक का जिम्मेदार ठहराना, जमात-उद-दावा, जैश-ए-मोहम्मद और अजहर मसूद को यूएन सिक्युरिटी काउंसिल की टेरर लिस्ट में शामिल करने के प्रयास करना। इन सारी बातों से भारत-पाक समझौते की प्रक्रिया कमजोर हुई।"

क्या है कोल्ड स्टार्ट

कोल्ड स्टार्ट सिद्धांत को भारतीय सेना ने पाकिस्तान के खिलाफ संभावित युद्ध के मद्देनजर डेवेलप किया है। इसके मुताबिक, युद्ध के हालात में सभी सेनाएं मिलकर बहुत तेजी से हमले को अंजाम देंगी। इसमें पाकिस्तानी इलाकों पर तेजी से कब्जा और न्यूक्लियर वेपंस के इस्तेमाल से पहले ही जीत हासिल करने का भी जिक्र किया गया है। कोल्ड स्टार्ट सिद्धांत में मिलकर तेजी से हमला करने और पाकिस्तान को चौंकाने पर जोर दिया गया है।