सर्जिकल स्ट्राइक का बदला लेने के लिए पाक का खतरनाक प्लान

नई दिल्ली ( 17 अक्टूबर ): भारतीय सेना द्वारा पीओके में घुसकर की गई सर्जिकल स्ट्राइक से बौखलाई पाक सेना और आईएसआई ने सर्जिकल स्ट्राइक का बदला लेने के लिए प्रयास शुरू कर दिए हैं। पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई ने कश्मीर को दहलाने की बड़ी साजिश रची है। खुफिया एजेंसियों के हवाले से खबर है कि आईएसआई घाटी में निष्क्रिय हो चुके आतंकी संगठनों को खड़ा कर रही है। इसका जिम्मा उसने अल उमर मुजाहिदीन के सरगना मुश्ताक जरगर को सौंपा है। घाटी में सीमा सुरक्षा बल के काफिले पर आतंकी हमले को भी मुश्ताक जरगर ने ही अंजाम दिया था। इसके साथ ही आईएसआई ने पुराने आतंकी संगठनों को सुरक्षाबलों के हथियार छीनने और छिप जाने का काम भी सौंपा है। 

इसके चलते पिछले कुछ दिनों से पाक सेना ने अपनी अग्रिम चौकियों पर एसएसजी/स्पेशल स्ट्राइकर जवान और आतंकियों में सबसे बढ़िया निशानेबाज शार्प शूटरों को तैनात किया है। इन लोगों को हाल ही में पाक सेना में शामिल की गई अत्याधुनिक ढाई किलोमीटर तक की मारक क्षमता वाली स्नाइपर राइफलों और अत्याधुनिक व वजन में हल्के, लेकिन अधिक नुकसान करने वाले मोर्टारों से लैस किया गया है। 

इन्हें इस बात का टास्क दिया गया है कि वे मौका मिलते ही भारतीय सेना की अग्रिम चौकियों पर तैनात जवानों पर स्नाइपर फायर कर उन्हें नुकसान पहुंचाएं। साथ ही अग्रिम क्षेत्र में गश्त लगा रहे भारतीय जवानों पर मोर्टार दागकर उनको अधिक से अधिक जवानों को नुकसान पहुंचाएं। 

स्नाइपर शॉट दे रही खतरनाक संकेत

खबरों की अनुसार भारतीय सेना की पीओके में सर्जिकल स्ट्राइक के बाद पाक सेना ने रावलपिंडी में तैनात अपने एसएसजी के सबसे दक्ष जवानों के साथ बड़ी संख्या में आतंकियों को अग्रिम चौकियों पर भेजा है। वहां करीब-करीब हर अग्रिम चौकी पर चार-पांच एसएसजी के जवान और चार पांच आतंकियों को अतिरिक्त तौर पर तैनात किया गया है।

इनका काम सिर्फ और सिर्फ भारतीय सेना को अधिक से अधिक नुकसान पहुंचाने की योजना बना कर उसे पूरा करना है। एसएसजी जवान और आतंकी निशानेबाजी में इतने दक्ष हैं कि यदि उन्हें किसी जवान का हाथ भी नजर आ जाए, तो वे अपनी स्नाइपर राइफल से उसे टार्गेट कर सकते हैं। 

रविवार शाम को नियंत्रण रेखा पर तारकुंडी क्षेत्र में पाक की तरफ  से दागी गई स्नाइपर की गोली से 24 वर्षीय जवान सुधीश कुमार, निवासी जिला संभल, उत्तर प्रदेश शहीद हो गए। शहीद जवान के शव को देखने पर साफ पता चलता है कि इस जवान को उस पार से मारी गई स्नाइपर की गोली बिलकुल आंख के पास लगी, जो उसकी खोपड़ी के पीछे से बाहर निकल गई।