चीन से आने वाले इस सामान पर सरकार ने उठाया बड़ा कदम

नई दिल्ली(21 अगस्त): भारत ने चीन से आयात होने वाले टेम्पर्ड ग्लास पर 5 वर्षों के लिए एंटी डंपिंग शुल्क लगाया है, जिसका उपयोग मोबाइल फोन स्क्रीन की सुरक्षा के लिए किया जाता है। 

- सरकार ने यह फैसला इसलिए लिया है ताकि घरेलू उद्योग को कम लागत के आयात से बचाया जा सके।

- राजस्व विभाग ने चीन से आयातित टेम्पर्ड ग्लास पर 52.85 डॉलर से 136.21 डॉलर प्रति टन की सीमा में एंटी डंपिंग शुल्क लागू करने की एक अधिसूचना जारी की है। 

- यह ड्यूटी उन टेम्पर्ड ग्लास पर लगाई गई है जिसमें न्यूनतम 90.5 फीसद ट्रांसमिशन होगा और उनकी मोटाई 4.2 मिमी से अधिक (0.2 मिमी की सहिष्णुता सहित) नहीं होगी। साथ ही यह उन पर भी लागू होगी जिनका आयाम 1500 मिमी से अधिक है, फिर वो चाहे कोटेड हो या अन-कोटेड। 

- डायरक्टोरेट जनरल ऑफ एंटी डंपिंग एंड एलाइड ड्यूटीज (डीजीएडी) की जांच में पाया गया है कि जो टेंपर्ड ग्लास भारत में चीन से आयात किया जाता है वो अपनी संबंधित नार्मल वैल्यू से काफी नीचे का है

- इसके अलावा, यह निष्कर्ष भी निकला है कि घरेलू उद्योग ने इसके कारण काफी नुकसान उठाया है। इसकी प्रमुख वजह चीन से होने वाला अधिकाधिक आयात है। नोटिफिकेशन में कहा गया है कि जो एटी डंपिंग ड्यूटी लगाई गई है वो पांच सालों के लिए होगी, ये पांच साल नोटिफिकेशन वाले दिन से गिने जाएंगे।