पूरे भारत की उम्मीद, क्या आज बनेगा इतिहास!

नई दिल्ली(14 अगस्त) रियो ओलंपिक में भारत के लिए आज का दिन बेहद अहम है। हॉकी में एक तरफ जहां क्वार्टरफाइनल में बेल्जियम से मुकाबला है तो वहीं 23 साल की दीपा कर्माकर जिमनास्टिक्स के फाइनल में उतरेंगी। 

- 1980 के बाद पहली बर भारतीय हॉकी टीम क्वार्टरफाइनल में उतरेगी। - विश्व की पांचवीं रैंक वाली टीम इंडिया छठे रैंकिंग वाली बेल्जियम से खेलेगी।  - भारत अपने पूल में आखिरी स्थान था, तो वहीं बेल्जियम अपने पूल में पहले स्थान पर था। - भारत पूल मुकाबले में जर्मनी-हॉलैंड से हारा, आखिरी मुकाबले में कनाडा से ड्रा रहा मुकाबला। वहीं आयरलैंड और अर्जेंटीना पर जीत हासिल की। - बेल्जियम को आखिरी मुकाबले में न्यूजीलैंड से हार मिली। वहीं बाकी सभी मुकाबले में जीत मिली।

दीपा कर्माकर रच सकती हैं इतिहास

- ओलिंपिक हिस्ट्री के 120 साल में ऐसा पहली बार हुआ है जब कोई भारतीय एथलीट जिमनास्टिक्स के फाइनल तक पहुंचा है। जिन दीपा से मेडल की उम्मीद है वे पांच साल की उम्र में सपाट तलवों की वजह से ट्रेनिंग के लिए भी रिजेक्ट कर दी गईं थीं।  - दीपा को लेकर उम्मीदों का आलम ये है कि जिस स्पोर्ट्स मिनिस्ट्री ने उनके फिजियो साजिद मीर को पहले रियो भेजने से इनकार कर दिया था, अब उन्हें वहां भेज दिया है। - दीपा जब महज पांच साल की थीं तो स्पोर्ट्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया यानी साई के कैम्प में ट्रेनिंग लेने पहुंची। उनके फ्लेट फीट (तलवों का सपाट होना) थे। इसकी वजह से साई में उन्हें ट्रेनिंग के लिए भी रिजेक्ट कर दिया गया था।  - दरअसल, जिमनास्टिक्स में सपाट तलवों को बहुत बड़ी कमी माना जाता है। इसकी वजह से उछलने में दिक्कत आती है। दीपा के कोच बिश्वेश्वर नंदी ने खुद दीपा को रिजेक्ट किए जाने की बात मानी है।  - फ्लेट फीट की कमी दूर करने के लिए दीपा कई घंटोंं तक पंजे मोड़कर खड़ी रहतीं। इससे उनकी फ्लेट फीट की दिक्कत काफी हद तक दूर हो गई।

ये हैं आज के मैच...

- कांस्य के लिए सानिया -बोपन्ना का मुकाबला

- बैंडमिंटन में साइना नेहवाल, पीवी सिंधू और श्रीकांत का मुकाबला

- शूटिंग में गगन नारंग का मैच

- बॉक्सिंग के प्री-क्वार्टर में मनोज कुमार का मुकाबला