ट्रायल के दौरान देश की सबसे तेज रफ्तार वाली ट्रेन पर पथराव, 29 दिसंबर को पीएम दिखाएंगे हरी झंडी


न्यूज 24 ब्यूरो, नई दिल्ली (21 दिसंबर): प्रधानमंत्री मोदी नए साल से पहले यानी 29 दिसंबर को देश की सबसे तेज रफ्तार 'ट्रेन 18' को हरी झंडी दिखाएंगे। लेकिन इससे पहले गुरुवार को ट्रायल के दौरान दिल्ली से आगरा के बीच कुछ शरारती तत्‍वों ने इस ट्रेन पर पथराव किया है। पथराव के दौरान ट्रेन के कोच का शीशा टूट गया। घटना के बाद रेलवे ने लोगों से अपील की है कि वो इस तरह से रेलवे की संपत्ति का नुकसान ना पहुंचाएं। आईसीएफ प्रवक्ता जी वी वेंकटेसन ने कहा, 'ट्रेन, रेलवे स्टेशन जैसी सार्वजनिक संपत्तियों, विशेषकर ट्रेन 18 जैसी नई प्रतिष्ठित ट्रेन को नुकसान पहुंचाने का कोई भी कृत्य निंदनीय है। लोगों से अनुरोध है कि ट्रेन, रेलवे स्टेशन सहित रेल संपत्तियों को न तो नुकसान पहुंचाएं और ना ही उन्हें विकृत करें। यह सार्वजनिक संपत्ति है जो आपकी ही है।


अत्याधुनिक डिब्बे बनाने वाली ‘इंटीग्रल कोच फैक्टरी’ (आईसीएफ) चेन्नई द्वारा बनाई गई इस ट्रेन को 100 करोड़ रुपये की लागत से तैयार किया गया है। आपको बता दें कि ‘ट्रेन 18’ हाल में दिल्ली राजधानी मार्ग के एक हिस्से पर परीक्षण किया गया था और इस दौरान ट्रेन की स्पीड 180 किलोमीटर प्रति घंटे से अधिक की रही थी जिसके बाद यह भारत की सबसे तेज गति से चलने वाली ट्रेन बनी थी। इस ट्रेन में यात्रा के दौरान वाई-फाई, जीपीएस बेस्ड यात्री सूचना प्रणाली, स्पर्श मुक्त जैव शौचालय, एलईडी लाइट, मोबाइल चार्जिंग पॉइंट और उपस्थित यात्रियों तथा मौसम के अनुसार तापमान को कम ज्यादा करने में सक्षम मौसम नियंत्रण प्रणाली जैसी सुविधाएं उपलब्ध रहेंगी।



ट्रेन की खासियत...
- इस ट्रेन के दरवाजे ऑटोमैटिक खुलते बंद होते हैं
- इसमें दिव्यांग लोगों की सुविधाओं का भी ध्यान रखा गया है
- ट्रेन 18 को अधिकतम 160 किलोमीटर प्रति घंटे की गति से चलाया जाएगा
- सफर के दौरान वाई-फाई, जीपीएस आधारित यात्री सूचना प्रणाली, स्पर्श मुक्त जैव शौचालय, एलईडी लाइट, मोबाइल चार्जिंग प्वाइंट की सुविधा
- यात्रियों और मौसम के अनुसार तापमान को कम ज्यादा करने में सक्षम मौसम नियंत्रण प्रणाली जैसी सुविधाएं उपलब्ध