भारत-चीन के बीच 67 साल में पहली बार स्ट्रैटजिक डायलॉग

नई दिल्ली(22 फरवरी): भारत के विदेश सचिव एस. जयशंकर चीन-भारत स्ट्रैटजिक डायलॉग के लिए बीजिंग के दौरे पर हैं। जयशंकर ने चीन के फॉरेन मिनिस्टर वांग यी के साथ मुलाकात की।

- जयशंकर ने कहा, "आतंकवाद रोकने के लिए भारत-चीन को साथ मिलकर लड़ना चाहिए। चीन बहुत मजबूत है। वह जिस स्थिति में है, उसमें काउंटर टेररिज्म बेहतर तरीके से किया जा सकता है।"

- चीन के स्टेट मीडिया ग्लोबल टाइम्स के साथ बातचीत में जयशंकर ने चीन-पाक इकोनॉमिक कॉरिडोर (CPEC) और आतंकी मसूद अजहर का मुद्दा भी उठाया।

- जयशंकर ने कहा, "हमारे लिए सॉवेरनिटी (संप्रभुता) से बड़ी कोई चीज नहीं।" बता दें कि CPEC पाक के कब्जे वाले कश्मीर से होकर गुजरेगा।

- बता दें कि जयशंकर चीन के एक्सपर्ट माने जाते हैं। वे सबसे लंबे वक्त तक चीन के एम्बेसडर रहे थे।

- भारत-चीन के बीच स्ट्रैटजिक-इकोनॉमिक डायलॉग होते रहते हैं। बॉर्डर डिस्प्यूट दूर करने के लिए दोनों देशों के बीच 

अब तक 19 दौर की बातचीत हो चुकी है। लेकिन दोनों देशों के बीच 1 जनवरी 1950 से मौजूद डिप्लोमैटिक रिलेशन्स के 67 साल में पहली बार इस तरह का स्ट्रैटजिक डायलॉग हो रहा है।