होलिका दहन आज, जानें पूजा का शुभ मुहुर्त और पूजा विधि

नई दिल्ली (1 मार्च): देश भर में होली को लेकर लोगों में खासा उत्साह देखा जा रहा है। तमाम लोग होली की तैयारी में जुटे हैं। होली से एक दिन पहले आज देशभर में होलिका दहन की तैयारी जोरों पर है। शास्त्रों में होलिका दहन की रात को सिद्धि की रात भी कहा गया है। इसका महत्व  महाशिवरात्रि, दीपावली, नवरात्रि की तरह महारात्रि माना गया है। आज की होलिका दहन भी बहुत खास है।

शुभ मुहुर्त...
इस बार होलिका दहन शाम को 7.40 के बाद किया जाएगा, क्योंकि पूर्णिमा का समय गुरुवार की सुबह 7.53 मिनट से शुरू होकर शुक्रवार को सुबह 6 बजे तक रहेगा। जबकि भद्रा का गुरुवार शाम 6.58 मिनट तक रहेगी। इसलिए शाम 7 बजे के बाद ही होलिका दहन का शुभ मुहूर्त है। होलिका दहन के साथ ही देश की तमाम जगहों पर होली की शुरुआत हो जाएगी।


पूजा विधि...
मान्यता के मुताबिक होलिका पूजन में डुंडिका देवी की अराधना की जाती है। डुंडिका देवी की अराधना हमेशा सूर्यास्त के बाद ही करनी चाहिए। उनकी पूजा अबीर-गुलाल मिश्रित जल से करनी चाहिए। होलिका दहन के बाद सुबह गन्ने को भूनने के साथ ही होलिका में मिठाई अपर्ति की जानी चाहिए। छोटी होली के दिन नवान्नेष्टी यानि की नए अनाज की पूजा की जाती है। पौराणिक पद्धति के अनुसार होलिका को गुलाल, उड़द की दाल, काले तिल, जौं, गुजिया आदि अपर्ण करने चाहिए। ऐसा कहा जाता है कि होलिका में काले तिल, काली उड़द की दाल अर्पित करने से ग्रहों की पीड़ा समाप्त हो जाती है।