मुस्लिम की शादी के कार्ड पर गणेशजी का चित्र-कट्टर पंथियों को कड़ा सबक

नई दिल्ली (15 दिसंबर):'अलग-अलग है धर्म-मजहब, अलग-अलग सब रस्में हैं-अलग-अलग है भाषा-बोली, अलग-अलग सब कस्मे हैं-कौमी तिरंगे के नीचे सारे एक समान हैं- प्यारा हिंदुस्तान हमारा, प्यारा हिंदुस्तान हमारा...' यह स्लोगन स्थानीय निवासी अब्दुल रहीम मंसूरी उर्फ अब्बू दादा के बेटे मोहम्मद जुनैद की विवाह पत्रिका में छपवाया गया था। यही नहीं पत्रिका में गणेशजी के फोटो के साथ ही देशभक्ति के स्लोगन लिखे गए थे।

जुनैद का निकाह रतलाम निवासी रुकय्या के साथ 14 दिसंबर को हुआ। पत्रिका में स्वागतातुर के स्थान पर परिवार के साथ हिंदू दोस्तों के नाम भी थे। साथ ही नोटबंदी के 50 दिन सहन करने का आग्रह किया गया।

पत्रिका में हिंदुओं के प्रथम देवता गणेशजी को पहले स्थान दिया गया था, वहीं चांद के साथ सितारा, जो इस्लाम धर्म का प्रतीक है, उसे भी अंकित किया गया ह। भारत को स्वच्छ बनाने और भ्रष्टाचार के दीपक को मिटाने की अपील की गई । स्वागतातुर में भी हिंदू दोस्तों के नाम अंकित किए गए ह। उल्लेखनीय है कि अब्बू दादा कई बार राजवाड़े पर श्रीकृष्ण जन्मोत्सव समिति के अध्यक्ष भी रहे हैं।

अब्बू दादा के सहयोगी और सकल व्यापारी संघ अध्यक्ष नीरजसिंह राठौर का कहना है कि अब्बू दादा हमेशा सभी धर्मों के आयोजनों में भाग लेते आए हैं। उनके बेटे की विवाह पत्रिका में हिंदू देवता के साथ ही देशभक्ति के स्लोगन छपवाना क्षेत्र में पहली बार हुआ है।